प्रदीप कुमार
रुद्रप्रयाग/श्रीनगर गढ़वाल। श्री केदारनाथ धाम यात्रा के पैदल मार्ग पर घोड़े खच्चरों के संचालन और पशु कल्याण के साथ ही पशु क्रूरता की रोकथाम को लेकर जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने संबंधित अधिकारियों और पीपल फॉर एनिमल्स की ट्रस्टी गौरी मौलेखी के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में पशुओं की सुरक्षा और स्वास्थ्य जांच के साथ ही यात्रा मार्ग पर निर्धारित नियमों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करने को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने कहा कि श्री केदारनाथ धाम यात्रा के दौरान पशु क्रूरता की रोकथाम के लिए जिला प्रशासन की ओर से निरंतर निगरानी की जा रही है। पशु क्रूरता के मामले सामने आने पर एफआईआर दर्ज कराते हुए संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि घोड़े खच्चरों की नियमित चिकित्सा जांच सुनिश्चित की जाए और बीमार एवं अस्वस्थ पशुओं का संचालन न होने दिया जाए। पशुओं के लिए गर्म पानी की उपलब्धता और अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं का निरीक्षण करने के निर्देश भी दिए गए। उन्होंने कहा कि निर्धारित मानकों के अनुरूप पशुओं की भार वहन क्षमता के अनुसार ही यात्रियों को ले जाने की अनुमति दी जाए। नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए। जिलाधिकारी ने श्रद्धालुओं को यात्रा संबंधी दिशा-निर्देशों और मानक संचालन प्रक्रिया यानी एसओपी की जानकारी ऑनलाइन माध्यम से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि डिजिटल संदेशों के माध्यम से श्रद्धालुओं को पहले से ही आवश्यक सावधानियों के प्रति जागरूक किया जाए। इसके साथ ही पशु कल्याण और स्वास्थ्य संबंधी एडवाइजरी को होटल और गेस्ट हाउस के साथ ही जीएमवीएन परिसरों तथा पार्किंग स्थलों पर भी प्रसारित किया जाए। इसके लिए होर्डिंग और साइनेज का उपयोग करते हुए व्यापक स्तर पर जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। बैठक के दौरान पीपल फॉर एनिमल्स की ट्रस्टी गौरी मौलेखी ने पशु कल्याण और घोड़े खच्चरों के संचालन से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर जिलाधिकारी के साथ चर्चा की। जिलाधिकारी ने उन्हें आश्वस्त किया कि पशुओं के स्वास्थ्य और सुरक्षा को लेकर प्रशासन की ओर से निरंतर निगरानी रखी जा रही है। नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। बैठक में पुलिस अधीक्षक निहारिका तोमर और मुख्य विकास अधिकारी राजेंद्र सिंह रावत के साथ उपजिलाधिकारी ऊखीमठ अनिल रावत तथा मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ.आशीष रावत उपस्थित रहे। इसके अलावा जिला विकास अधिकारी मनविंदर कौर और अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत वीरेंद्र गुसाईं सहित जिला कार्यक्रम अधिकारी अखिलेश मिश्रा और अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।
