बैकुंठ चतुर्दशी मेले में हेमा नेगी करासी के गीतों पर झूमे दर्शक
प्रदीप कुमार
श्रीनगर गढ़वाल।ऐतिहासिक बैकुंठ चतुर्दशी मेले की दूसरी संध्या लोकसंगीत के रंगों से सराबोर रही। उत्तराखंड की प्रसिद्ध लोकगायिका हेमा नेगी करासी ने अपनी सुमधुर आवाज़ से ऐसा समां बाँधा कि पूरा पंडाल देर तक तालियों की गूंज से झूमता रहा।जैसे ही करासी मंच पर पहुँचीं,दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट से उनका स्वागत किया। उन्होंने नंदा देवी पर आधारित जागर गीत और पारंपरिक भक्ति गीत आंछरी व नृसिंह जागर से प्रस्तुति की शुरुआत की। भक्ति और संस्कृति के संगम से भरे इन गीतों ने श्रोताओं को भावविभोर कर दिया।इसके बाद जब उन्होंने अमरा बांध जाग नंदा गिरातोली गिर गेंदुआ और मेरी बामणी जैसे लोकप्रिय लोकगीत गाए, तो पूरा पंडाल थिरक उठा। उनके गीतों ने गढ़वाल की सांस्कृतिक विरासत,देवी परंपरा और लोकजीवन की झलक को जीवंत कर दिया।मेले के समापन पर नगर निगम श्रीनगर की महापौर आरती भंडारी ने सभी अतिथियों और कलाकारों का आभार जताया।उन्होंने कहा कि नगर निगम ने मेले को भव्य स्वरूप देने के लिए हर संभव प्रयास किया है और आने वाले दिनों में और भी आकर्षक सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।कार्यक्रम में रमेश रमोला,नरेंद्र रावत,राजकुमार सहित नगर निगम के सभी पार्षद उपस्थित रहे।
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बैकुंठ चतुर्दशी मेले में हेमा नेगी करासी के गीतों पर झूमे दर्शक
प्रदीप कुमार
श्रीनगर गढ़वाल।ऐतिहासिक बैकुंठ चतुर्दशी मेले की दूसरी संध्या लोकसंगीत के रंगों से सराबोर रही। उत्तराखंड की प्रसिद्ध लोकगायिका हेमा नेगी करासी ने अपनी सुमधुर आवाज़ से ऐसा समां बाँधा कि पूरा पंडाल देर तक तालियों की गूंज से झूमता रहा।जैसे ही करासी मंच पर पहुँचीं,दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट से उनका स्वागत किया। उन्होंने नंदा देवी पर आधारित जागर गीत और पारंपरिक भक्ति गीत आंछरी व नृसिंह जागर से प्रस्तुति की शुरुआत की। भक्ति और संस्कृति के संगम से भरे इन गीतों ने श्रोताओं को भावविभोर कर दिया।इसके बाद जब उन्होंने अमरा बांध जाग नंदा गिरातोली गिर गेंदुआ और मेरी बामणी जैसे लोकप्रिय लोकगीत गाए, तो पूरा पंडाल थिरक उठा। उनके गीतों ने गढ़वाल की सांस्कृतिक विरासत,देवी परंपरा और लोकजीवन की झलक को जीवंत कर दिया।मेले के समापन पर नगर निगम श्रीनगर की महापौर आरती भंडारी ने सभी अतिथियों और कलाकारों का आभार जताया।उन्होंने कहा कि नगर निगम ने मेले को भव्य स्वरूप देने के लिए हर संभव प्रयास किया है और आने वाले दिनों में और भी आकर्षक सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।कार्यक्रम में रमेश रमोला,नरेंद्र रावत,राजकुमार सहित नगर निगम के सभी पार्षद उपस्थित रहे।