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प्रदीप कुमार
पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। जनपद पौड़ी के सतपुली-बिलखेत क्षेत्र में आयोजित तीन दिवसीय नयार वैली एडवेंचर फेस्टिवल ने रोमांच प्राकृतिक सौंदर्य और लोकसंस्कृति का ऐसा अद्भुत संगम प्रस्तुत किया जिसने नयार घाटी को साहसिक पर्यटन के उभरते केंद्र के रूप में नई पहचान दिलाई। महोत्सव का शुभारंभ मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किया। बांघाट से व्यासघाट तक नयार नदी की तेज धाराओं में आयोजित कयाकिंग और एंगलिंग प्रतियोगिताएं आयोजन का मुख्य आकर्षण रहीं। देश के विभिन्न राज्यों से आए प्रतिभागियों ने कठिन जलधाराओं के बीच साहस तकनीक और संतुलन का शानदार प्रदर्शन किया। एंगलिंग प्रतियोगिता कैच एंड रिलीज पद्धति के तहत आयोजित की गई जिससे साहसिक खेलों के साथ पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी प्रभावी ढंग से प्रसारित हुआ।दूसरे दिन रोमांच अपने चरम पर दिखाई दिया। हॉट एयर बैलून पैरामोटरिंग और टेंडम पैराग्लाइडिंग ने आसमान को रंगों से भर दिया जबकि खिर्सू से बिलखेत तक आयोजित माउंटेन बाइकिंग प्रतियोगिता ने प्रतिभागियों की सहनशक्ति और कौशल की कड़ी परीक्षा ली। नदी तट पर कयाकिंग और एंगलिंग गतिविधियों को देखने के लिए स्थानीय लोगों और पर्यटकों की भारी भीड़ उमड़ी। सुरक्षा चिकित्सा और तकनीकी व्यवस्थाओं के पुख्ता इंतजामों के बीच आयोजन सुव्यवस्थित रूप से संपन्न हुआ। सांस्कृतिक संध्याओं ने महोत्सव को विशेष आयाम प्रदान किया।पहली शाम सुप्रसिद्ध लोकगायक संकल्प खेतवाल के मधुर गीतों से सराबोर रही। दूसरी संध्या जागर सम्राट प्रीतम भरतवाण के नाम रही। उनके जागरों और लोकगीतों ने पूरी घाटी को लोकसंस्कृति के रंग में रंग दिया और दर्शकों को भाव-विभोर कर दिया। समापन दिवस पर विभिन्न साहसिक प्रतियोगिताओं के विजेताओं को सम्मानित किया गया। माउंटेन बाइकिंग कयाकिंग एंगलिंग और पैराग्लाइडिंग स्पर्धाओं में प्रतिभागियों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन कर आयोजन को यादगार बना दिया। व्यक्तिगत और टीम वर्ग में विजेताओं को पुरस्कृत करते हुए प्रशासन ने उनके साहस खेल भावना और अनुशासन की सराहना की। जिलाधिकारी स्वाति एस.भदौरिया ने कहा कि नयार घाटी साहसिक पर्यटन की दृष्टि से अत्यंत संभावनाशील क्षेत्र है। इस प्रकार के आयोजन न केवल क्षेत्र को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाते हैं बल्कि स्थानीय युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार के अवसर भी प्रदान करते हैं। उन्होंने बताया कि प्रशासन का उद्देश्य युवाओं को प्रशिक्षण देकर उन्हें पेशेवर रूप से तैयार करना है ताकि पर्यटन आधारित आजीविका को स्थायी स्वरूप दिया जा सके। तीन दिनों तक चले इस महोत्सव ने यह सिद्ध कर दिया कि प्राकृतिक संसाधनों का संतुलित और योजनाबद्ध उपयोग कर पर्यटन के माध्यम से स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई मजबूती दी जा सकती है। नयार वैली एडवेंचर फेस्टिवल केवल एक आयोजन नहीं बल्कि नयार घाटी को एडवेंचर हब के रूप में स्थापित करने की दिशा में एक सशक्त पहल के रूप में उभरा है।

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