प्रदीप कुमार
हरिद्वार/श्रीनगर गढ़वाल। उत्तराखंड पुलिस द्वारा हरिद्वार के बैरागी कैंप में आयोजित न्याय संहिता राज्यस्तरीय प्रदर्शनी के माध्यम से जन-जागरूकता अभियान लगातार जारी है। इस प्रदर्शनी में युवाओं और विद्यार्थियों में विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है। यह प्रदर्शनी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की परिकल्पना और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशन में आयोजित की जा रही है। इसका उद्देश्य आमजन को देश की न्याय व्यवस्था में हुए सुधारों तकनीकी नवाचारों और नागरिक अधिकारों से जुड़े महत्वपूर्ण प्रावधानों के बारे में जागरूक करना है। प्रदर्शनी के तीसरे दिन 9 मार्च 2026 को हरिद्वार जनपद के विभिन्न शिक्षण संस्थानों के छात्र-छात्राओं ने बढ़-चढ़कर प्रतिभाग किया। इसमें कोर यूनिवर्सिटी हरिद्वार कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय पुलिस मॉडर्न स्कूल (40वीं बटालियन) और कन्या इंटर कॉलेज सडौली के विद्यार्थी एवं लॉ फैकल्टी शामिल हुए।पुलिस अधिकारियों और विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को न्याय संहिताओं के प्रावधानों की जानकारी सरल तरीके से दी।प्रदर्शनी में न्याय संहिता के प्रावधानों को आमजन तक पहुंचाने के लिए नुक्कड़ नाटकों का भी आयोजन किया जा रहा है। इन नाटकों के माध्यम से पीड़ित केंद्रित न्याय प्रणाली और तकनीकी सुधारों को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया जा रहा है जिसे आगंतुकों ने काफी सराहा।इस दौरान पुलिस महानिरीक्षक अपराध कानून एवं व्यवस्था सुनील कुमार मीणा ने प्रदर्शनी स्थल का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। साथ ही हरिद्वार जनपद के विभिन्न थानों और चौकियों से आए विवेचकों ने भी प्रदर्शनी का अवलोकन कर न्याय संहिता के प्रावधानों की जानकारी प्राप्त की। इसके अलावा एसडीआरएफ पीएसी के जवानों मीडिया प्रतिनिधियों और आपदा मित्रों ने भी प्रदर्शनी का अवलोकन किया। यह प्रदर्शनी युवाओं और विद्यार्थियों में कानून के प्रति जागरूकता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हो रही है। हरिद्वार के बैरागी कैंप में आयोजित यह प्रदर्शनी 11 मार्च 2026 तक जारी रहेगी। आमजन से अपील की गई है कि अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर न्याय संहिता की जानकारी प्राप्त करें।
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प्रदीप कुमार
हरिद्वार/श्रीनगर गढ़वाल। उत्तराखंड पुलिस द्वारा हरिद्वार के बैरागी कैंप में आयोजित न्याय संहिता राज्यस्तरीय प्रदर्शनी के माध्यम से जन-जागरूकता अभियान लगातार जारी है। इस प्रदर्शनी में युवाओं और विद्यार्थियों में विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है। यह प्रदर्शनी केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की परिकल्पना और मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देशन में आयोजित की जा रही है। इसका उद्देश्य आमजन को देश की न्याय व्यवस्था में हुए सुधारों तकनीकी नवाचारों और नागरिक अधिकारों से जुड़े महत्वपूर्ण प्रावधानों के बारे में जागरूक करना है। प्रदर्शनी के तीसरे दिन 9 मार्च 2026 को हरिद्वार जनपद के विभिन्न शिक्षण संस्थानों के छात्र-छात्राओं ने बढ़-चढ़कर प्रतिभाग किया। इसमें कोर यूनिवर्सिटी हरिद्वार कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय पुलिस मॉडर्न स्कूल (40वीं बटालियन) और कन्या इंटर कॉलेज सडौली के विद्यार्थी एवं लॉ फैकल्टी शामिल हुए।पुलिस अधिकारियों और विशेषज्ञों ने विद्यार्थियों को न्याय संहिताओं के प्रावधानों की जानकारी सरल तरीके से दी।प्रदर्शनी में न्याय संहिता के प्रावधानों को आमजन तक पहुंचाने के लिए नुक्कड़ नाटकों का भी आयोजन किया जा रहा है। इन नाटकों के माध्यम से पीड़ित केंद्रित न्याय प्रणाली और तकनीकी सुधारों को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया जा रहा है जिसे आगंतुकों ने काफी सराहा।इस दौरान पुलिस महानिरीक्षक अपराध कानून एवं व्यवस्था सुनील कुमार मीणा ने प्रदर्शनी स्थल का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। साथ ही हरिद्वार जनपद के विभिन्न थानों और चौकियों से आए विवेचकों ने भी प्रदर्शनी का अवलोकन कर न्याय संहिता के प्रावधानों की जानकारी प्राप्त की। इसके अलावा एसडीआरएफ पीएसी के जवानों मीडिया प्रतिनिधियों और आपदा मित्रों ने भी प्रदर्शनी का अवलोकन किया। यह प्रदर्शनी युवाओं और विद्यार्थियों में कानून के प्रति जागरूकता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हो रही है। हरिद्वार के बैरागी कैंप में आयोजित यह प्रदर्शनी 11 मार्च 2026 तक जारी रहेगी। आमजन से अपील की गई है कि अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर न्याय संहिता की जानकारी प्राप्त करें।