प्रदीप कुमार
रूद्रप्रयाग/श्रीनगर गढ़वाल। जिलाधिकारी रुद्रप्रयाग विशाल मिश्रा के निर्देशों के अनुपालन में उपजिलाधिकारी ऊखीमठ अनिल रावत ने बुधवार सुबह जल संस्थान इकाई कार्यालय ऊखीमठ का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कार्यालयीय व्यवस्थाओं अभिलेखों के रखरखाव और जन शिकायतों के निस्तारण की स्थिति का गहन परीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान उपस्थिति पंजिका का अवलोकन किया गया। वहीं कार्मिकों की भ्रमण पंजिका और लोक शिकायत पंजिका का नियमित रखरखाव नहीं पाए जाने पर उपजिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने प्रभारी सहायक अभियंता वीरेंद्र भंडारी को निर्देश दिए कि सभी पंजिकाओं का तत्काल रखरखाव सुनिश्चित करते हुए अद्यतन प्रविष्टियां दर्ज की जाएं तथा एक सप्ताह के भीतर अनुपालन आख्या प्रस्तुत की जाए। उपजिलाधिकारी ने कहा कि ऊखीमठ क्षेत्र में जनप्रतिनिधियों और आम नागरिकों द्वारा पेयजल समस्याओं तथा शिकायतों के समयबद्ध निस्तारण न होने को लेकर लगातार शिकायतें प्राप्त हो रही हैं। शिकायतों के समाधान में शिथिलता और अनावश्यक देरी पर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताई और अधिकारियों तथा कर्मचारियों को जन समस्याओं के प्रति संवेदनशीलता और तत्परता के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान कार्यालय में प्राप्त शिकायतों के संबंध में शिकायतकर्ताओं से दूरभाष के माध्यम से फीडबैक भी लिया गया जिसमें शिकायतों के निस्तारण की स्थिति संतोषजनक नहीं पाई गई। इस पर उपजिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को चेतावनी देते हुए शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण और त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने जल संस्थान को प्राप्त पेयजल कनेक्शन संबंधी प्रकरणों और पेयजल आपूर्ति से जुड़ी समस्याओं पर प्राथमिकता के साथ आवश्यक कार्रवाई करने को कहा। साथ ही निर्देश दिए कि आमजन को पेयजल संबंधी समस्याओं से किसी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए।
