पर्यावरण संरक्षण के लिए स्वास्थ्य विभाग ने उठाया कदम विश्व पर्यावरण दिवस पर पौधरोपण और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
प्रदीप कुमार
रूद्रप्रयाग/श्रीनगर गढ़वाल।विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर जनपद की विभिन्न स्वास्थ्य इकाईयों में आयोजित संगोष्ठियों में पर्यावरण प्रदूषण से स्वास्थ्य पर पड़ने वाले दुष्प्रभाव पर चिंता व्यक्त करते हुए प्लास्टिक प्रदूषण के खतरों से आगाह किया गया। इस अवसर पर विभिन्न चिकित्सा इकाईयों में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया गया।राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत ग्राम दुर्गाधार,कंडारा व सौड़भट्टगांव में पियर एजुकेटर व किशोर किशोरियों द्वारा पौधरोपण किया गया। सौड़भट्गांव में आयोजित कार्यक्रम में काउंसलर जयदीप कुमार ने कहा कि पर्यावरण प्रदूषण व मानव स्वास्थ्य में सीधा संबंध है। कहा कि पर्यावरण दूषित होने से मानव स्वास्थ्य पर भी दुष्प्रभाव पड़ता है। बताया कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा जलवायु परिवर्तन और मानव स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत पर्यावरण प्रदूषण के खतरों से निपटने के लिए लगातार जागरूकता कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण के दृष्टिगत पौधरोपण पर जोर देने के साथ-साथ अपने-अपने परिवेश में प्रदूषण के अंकुश लगाने पर जोर दिया। संगोष्ठियों में प्लास्टिक प्रदूषण के खतरो के बारे में आगाह करते हुए वक्ताओं ने कहा कि इससे दिल की बीमारी,फेफड़ों का कैंसर के खतरे के साथ-साथ,प्लास्टिक उत्पादन में लगे श्रमिकों के स्वास्थ में गंभीर दुष्प्रभाव पड़ सकता।उन्होंने पॉलीथिन बैग का उपयोग पूरी तरह बंद करने की वकालत करते हुए कागज या कपड़े के थैलों के उपयोग पर जोर दिया। वहीं,विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद जखोली,स्वास्थ्य उपकेंद्र बसुकेदार,आयुष्मान आरोग्य मंदिर सतेराखाल,उच्चाढुंगी,चोपता,बक्सीर बांगर,कंडारा,बड़ेथ,भीरी,चंद्रनगर,सौंदा,बाढव,तुनेटा,मयकोटी,मालकोटी में पौधरोपण किया गया।
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पर्यावरण संरक्षण के लिए स्वास्थ्य विभाग ने उठाया कदम विश्व पर्यावरण दिवस पर पौधरोपण और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
प्रदीप कुमार
रूद्रप्रयाग/श्रीनगर गढ़वाल।विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर जनपद की विभिन्न स्वास्थ्य इकाईयों में आयोजित संगोष्ठियों में पर्यावरण प्रदूषण से स्वास्थ्य पर पड़ने वाले दुष्प्रभाव पर चिंता व्यक्त करते हुए प्लास्टिक प्रदूषण के खतरों से आगाह किया गया। इस अवसर पर विभिन्न चिकित्सा इकाईयों में पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया गया।राष्ट्रीय किशोर स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत ग्राम दुर्गाधार,कंडारा व सौड़भट्टगांव में पियर एजुकेटर व किशोर किशोरियों द्वारा पौधरोपण किया गया। सौड़भट्गांव में आयोजित कार्यक्रम में काउंसलर जयदीप कुमार ने कहा कि पर्यावरण प्रदूषण व मानव स्वास्थ्य में सीधा संबंध है। कहा कि पर्यावरण दूषित होने से मानव स्वास्थ्य पर भी दुष्प्रभाव पड़ता है। बताया कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा जलवायु परिवर्तन और मानव स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत पर्यावरण प्रदूषण के खतरों से निपटने के लिए लगातार जागरूकता कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण के दृष्टिगत पौधरोपण पर जोर देने के साथ-साथ अपने-अपने परिवेश में प्रदूषण के अंकुश लगाने पर जोर दिया। संगोष्ठियों में प्लास्टिक प्रदूषण के खतरो के बारे में आगाह करते हुए वक्ताओं ने कहा कि इससे दिल की बीमारी,फेफड़ों का कैंसर के खतरे के साथ-साथ,प्लास्टिक उत्पादन में लगे श्रमिकों के स्वास्थ में गंभीर दुष्प्रभाव पड़ सकता।उन्होंने पॉलीथिन बैग का उपयोग पूरी तरह बंद करने की वकालत करते हुए कागज या कपड़े के थैलों के उपयोग पर जोर दिया। वहीं,विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद जखोली,स्वास्थ्य उपकेंद्र बसुकेदार,आयुष्मान आरोग्य मंदिर सतेराखाल,उच्चाढुंगी,चोपता,बक्सीर बांगर,कंडारा,बड़ेथ,भीरी,चंद्रनगर,सौंदा,बाढव,तुनेटा,मयकोटी,मालकोटी में पौधरोपण किया गया।