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प्रदीप कुमार
रुद्रप्रयाग/श्रीनगर गढ़वाल। जिलाधिकारी विशाल मिश्रा की अध्यक्षता में मंगलवार को जिला कार्यालय सभागार में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर गठित जिला स्तरीय समिति के अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में उच्च न्यायालय द्वारा ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए पारित आदेशों के अनुपालन की विस्तार से समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों से अब तक की गई कार्रवाई की जानकारी लेते हुए निर्देश दिए कि उच्च न्यायालय के आदेशों एवं ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियमों का जनपद में प्रभावी रूप से अनुपालन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि ठोस अपशिष्ट प्रबंधन केवल नगर निकायों तक सीमित न रहे बल्कि ग्रामीण वन एवं पर्यटन क्षेत्रों में भी इसके लिए प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। जिलाधिकारी ने जनपद के सभी परगनों में नियमित निरीक्षण करने तथा निरीक्षण के दौरान ठोस अपशिष्ट के संग्रहण पृथक्करण निस्तारण सिंगल यूज प्लास्टिक के उपयोग और स्वच्छता व्यवस्था का जायजा लेने के निर्देश दिए। उन्होंने विस्तृत निरीक्षण आख्या जिला कार्यालय को उपलब्ध कराने तथा निरीक्षण के दौरान कमियां पाए जाने पर संबंधित के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने वन क्षेत्रों में पर्यटकों यात्रियों एवं ट्रैकरों की लगातार आवाजाही वाले स्थानों पर ठोस अपशिष्ट प्रबंधन व्यवस्था को और मजबूत करने के निर्देश दिए। साथ ही एमआरएफ सेंटर डस्टबिन एवं अन्य आवश्यक संसाधनों की जरूरत का आकलन कर प्रस्ताव उपलब्ध कराने को कहा ताकि आवश्यकता के अनुसार संसाधन उपलब्ध कराए जा सकें। जिलाधिकारी ने सिंगल यूज प्लास्टिक पर पूर्ण प्रतिबंध को प्रभावी ढंग से लागू करने के निर्देश दिए। उन्होंने होटल ढाबों यात्रा मार्गों एवं पर्यटन स्थलों पर नियमित निगरानी करने को कहा। उन्होंने होटल एसोसिएशन एवं घोड़ा एसोसिएशन के पदाधिकारियों के साथ बैठक आयोजित कर स्वैच्छिक स्वच्छता के लिए जागरूकता बढ़ाने तथा होटल संचालकों से स्वच्छता व्यवस्था के लिए निर्धारित यूजर चार्ज की वसूली सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने जनपद के सभी नगर निकायों में बल्क वेस्ट जनरेटरों की सूची तैयार कर संबंधित उप जिलाधिकारियों को उपलब्ध कराने को कहा। साथ ही बल्क वेस्ट जनरेटरों के साथ समय-समय पर बैठक आयोजित कर उनके द्वारा ठोस अपशिष्ट के पृथक्करण संग्रहण एवं वैज्ञानिक निस्तारण की व्यवस्था की समीक्षा करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने ठोस अपशिष्ट प्रबंधन को प्रभावी बनाने के लिए संबंधित विभागों को रिंग फेंस मद से आवश्यक उपकरण एवं मशीनरी की जरूरत का आकलन कर प्रस्ताव तैयार करने को कहा। उन्होंने कहा कि जहां भी मशीनरी अथवा अन्य संसाधनों की आवश्यकता है वहां प्राथमिकता के आधार पर प्रस्ताव उपलब्ध कराए जाएं ताकि स्वच्छता एवं अपशिष्ट प्रबंधन व्यवस्था को मजबूत किया जा सके। बैठक में अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत ने बताया कि जिला पंचायत रुद्रप्रयाग को एमआरएफ सेंटर स्थापित करने के लिए उपयुक्त भूमि की आवश्यकता है। इस पर जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारी ऊखीमठ को एमआरएफ सेंटर के लिए उपयुक्त भूमि का चयन करने तथा जिला पंचायत के अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने श्री केदारनाथ धाम यात्रा मार्ग के विभिन्न प्रमुख स्थानों पर पर्याप्त संख्या में डस्टबिन स्थापित करने के लिए सर्वे कराने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि यात्रा मार्ग पर तीर्थयात्रियों एवं पर्यटकों की सुविधा के साथ-साथ स्वच्छता व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए डस्टबिन के स्थान चिन्हित किए जाएं तथा नियमित रूप से इनके कूड़ा उठान एवं निस्तारण की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने सोनप्रयाग-गौरीकुंड-केदारनाथ प्रस्तावित रोपवे के समानांतर सोनप्रयाग गौरीकुंड एवं श्री केदारनाथ धाम में आवश्यक सपोर्टिंग इंफ्रास्ट्रक्चर के निर्माण के लिए आवश्यक भूमि का समयबद्ध ढंग से चिन्हांकन करने के निर्देश दिए। संबंधित कंपनी के साथ समन्वय स्थापित करते हुए भूमि संबंधी आवश्यक कार्रवाई समय से पूर्ण करने को कहा ताकि भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप आधारभूत सुविधाओं का विकास किया जा सके। जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद में बढ़ते पर्यटन एवं तीर्थाटन को देखते हुए ठोस अपशिष्ट प्रबंधन स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल हैं। उन्होंने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय से कार्य करते हुए यात्रा मार्ग पर्यटन स्थलों वन क्षेत्रों तथा नगर निकाय क्षेत्रों में स्वच्छता व्यवस्था को प्रभावी बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वे केवल निर्देश जारी करने तक सीमित न रहें बल्कि मैदानी स्तर पर नियमित निरीक्षण कर व्यवस्थाओं की वास्तविक स्थिति का सत्यापन करें और कमियों का तत्काल समाधान सुनिश्चित करें। उन्होंने सभी अधिकारियों को दिए गए निर्देशों का अक्षरशः एवं प्राथमिकता के आधार पर अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी राजेंद्र सिंह रावत जिला विकास अधिकारी मनविंदर कौर उप जिलाधिकारी ऊखीमठ अनिल रावत उप जिलाधिकारी रुद्रप्रयाग सोहन सिंह सैनी उप जिलाधिकारी जखोली भगत सिंह फोनिया प्रभागीय वनाधिकारी केदारनाथ एवं रुद्रप्रयाग वन प्रभाग जिला पंचायती राज अधिकारी अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत वीरेंद्र गुसाईं नगर निकायों के अधिशासी अधिकारी सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

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