प्रदीप कुमार
पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। जनपद में लगातार हो रही बारिश के बीच जिलाधिकारी ने मंगलवार को तत्काल आपदा कंट्रोल रूम पहुंचकर विभिन्न क्षेत्रों में बारिश एवं भूस्खलन की स्थिति राहत एवं बचाव कार्यों तथा आवश्यक सेवाओं की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से क्षेत्रवार जानकारी लेते हुए प्रभावित क्षेत्रों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। महरगांव में भूस्खलन की सूचना मिलते ही प्रशासन एसडीआरएफ एवं पुलिस की टीमें तत्काल घटनास्थल के लिए रवाना हुईं। वर्तमान में प्रशासन एवं पुलिस विभाग की टीमें मौके पर पहुंचकर राहत एवं बचाव कार्यों में जुटी हैं। प्रारंभिक सूचना के अनुसार चार लोग मलबे में दबे थे जिनमें से एक महिला को ग्रामीणों की तत्परता से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है। घटनास्थल पर एंबुलेंस एवं मेडिकल टीम भी भेजी गई है। राहत एवं बचाव कार्य लगातार जारी है। वहीं बैरगांव में भूस्खलन की घटना में घायल महिला को प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग की टीम ने तत्काल मौके से सतपुली हंस चिकित्सालय पहुंचाया जहां उसका उपचार किया जा रहा है। जिलाधिकारी ने जनपद में भूस्खलन के कारण बाधित सभी सड़कों को तत्काल खोलने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए हैं। उनके निर्देशों के क्रम में सतपुली-गुमखाल मार्ग पर बाधित स्थानों को जेसीबी मशीनों की मदद से तत्काल खुलवाया गया। वहीं गुमखाल-द्वारीखाल-महरगांव मार्ग को सुचारू करने के लिए भी जेसीबी मशीन भेजी गई है। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जहां भी सड़कें बाधित हों वहां तत्काल मशीनें भेजकर मार्ग खोलने की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। आपदा कंट्रोल रूम में जिलाधिकारी ने सभी उपजिलाधिकारियों एवं संबंधित अधिशासी अभियंताओं से सड़क पेयजल विद्युत तथा अन्य आवश्यक सेवाओं की क्षेत्रवार स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिए कि जनपद में जहां भी फीडर ब्रेकडाउन की स्थिति उत्पन्न हो रही है वहां विद्युत विभाग की टीम तत्काल मौके पर पहुंचकर आवश्यक मरम्मत कार्य सुनिश्चित करे और विद्युत आपूर्ति को शीघ्र सुचारू किया जाए। उन्होंने कहा कि अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखें और किसी भी प्रकार की बाधा की सूचना मिलते ही त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करें। सभी महत्वपूर्ण सूचनाओं को संबंधित व्हाट्सएप समूहों में तत्काल साझा करने के निर्देश भी दिए गए। जिला प्रशासन द्वारा जनपद के संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार निगरानी की जा रही है। नदियों एवं गदेरों में जलस्तर बढ़ने की संभावना को देखते हुए जिलाधिकारी ने आमजन से नदी-नालों के किनारे जाने से बचने तथा सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की है। प्रशासन की सभी संबंधित टीमें किसी भी आवश्यकता पर तत्काल सहायता उपलब्ध कराने के लिए सक्रिय हैं।
