प्रदीप कुमार
चमोली/श्रीनगर गढ़वाल। चमोली नीति माणा जनजाति कल्याण समिति द्वारा भोटिया पड़ाव बेडूबगड़ बिरही में आयोजित द्वितीय जनजाति समागम 2026 के समापन समारोह में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। मुख्यमंत्री के हेलीपैड पर पहुंचने पर जिलाधिकारी चमोली गौरव कुमार एवं पुलिस अधीक्षक चमोली सुरजीत सिंह पंवार ने उनका स्वागत किया। इस अवसर पर हरित उत्तराखंड के संकल्प के प्रतीक स्वरूप पौधा भेंट कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया। चमोली पुलिस के जवानों ने औपचारिक वर्दी में मुख्यमंत्री को सलामी दी।कार्यक्रम स्थल पर जनजातीय महिलाओं ने पारंपरिक पौण नृत्य प्रस्तुत कर मुख्यमंत्री का स्वागत किया। महिलाओं ने सम्मान स्वरूप उन्हें भोजपत्र की माला एवं पारंपरिक दोंका पहनाकर अभिनंदन किया। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में जनजातीय समाज की वीरता और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की सराहना करते हुए कहा कि नीति माणा क्षेत्र की परंपराएं उत्तराखंड की पहचान हैं। उन्होंने कहा कि सीमांत क्षेत्रों का विकास तथा जनजातीय संस्कृति का संरक्षण सरकार की प्राथमिकता है। इस अवसर पर गजपाल बर्त्वाल दौलत सिंह बिष्ट अनिल नौटियाल भूपाल राम टम्टा राजेन्द्र सिंह भंडारी ऋषि प्रसाद सती हरक सिंह नेगी संदीप रावत हरीश परमार गुलाब सिंह संतोषी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
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प्रदीप कुमार
चमोली/श्रीनगर गढ़वाल। चमोली नीति माणा जनजाति कल्याण समिति द्वारा भोटिया पड़ाव बेडूबगड़ बिरही में आयोजित द्वितीय जनजाति समागम 2026 के समापन समारोह में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। मुख्यमंत्री के हेलीपैड पर पहुंचने पर जिलाधिकारी चमोली गौरव कुमार एवं पुलिस अधीक्षक चमोली सुरजीत सिंह पंवार ने उनका स्वागत किया। इस अवसर पर हरित उत्तराखंड के संकल्प के प्रतीक स्वरूप पौधा भेंट कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया। चमोली पुलिस के जवानों ने औपचारिक वर्दी में मुख्यमंत्री को सलामी दी।कार्यक्रम स्थल पर जनजातीय महिलाओं ने पारंपरिक पौण नृत्य प्रस्तुत कर मुख्यमंत्री का स्वागत किया। महिलाओं ने सम्मान स्वरूप उन्हें भोजपत्र की माला एवं पारंपरिक दोंका पहनाकर अभिनंदन किया। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में जनजातीय समाज की वीरता और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की सराहना करते हुए कहा कि नीति माणा क्षेत्र की परंपराएं उत्तराखंड की पहचान हैं। उन्होंने कहा कि सीमांत क्षेत्रों का विकास तथा जनजातीय संस्कृति का संरक्षण सरकार की प्राथमिकता है। इस अवसर पर गजपाल बर्त्वाल दौलत सिंह बिष्ट अनिल नौटियाल भूपाल राम टम्टा राजेन्द्र सिंह भंडारी ऋषि प्रसाद सती हरक सिंह नेगी संदीप रावत हरीश परमार गुलाब सिंह संतोषी सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।