प्रदीप कुमार
श्रीनगर गढ़वाल। राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर के बेस अस्पताल ने चिकित्सा क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि हासिल करते हुए अपनी विशेषज्ञता का शानदार प्रदर्शन किया है। अस्पताल के हड्डी रोग विभाग ने पहली बार दो मरीजों की जटिल स्पाइन सर्जरी और एक गंभीर मरीज का सफल टोटल हिप रिप्लेसमेंट (THR) ऑपरेशन कर इतिहास रच दिया है। इस सफलता ने न केवल मरीजों को नया जीवन दिया बल्कि संस्थान की चिकित्सा क्षमताओं को भी नई ऊंचाइयों तक पहुंचा दिया है। बेस अस्पताल के हड्डी रोग विभागाध्यक्ष डॉ.दया कृष्ण टम्टा और एसोसिएट प्रोफेसर डॉ.सुभाष चंद के नेतृत्व में अनुभवी चिकित्सकों की टीम ने रीढ़ की गंभीर चोट से जूझ रहे श्रीनगर निवासी दीपक और कर्णप्रयाग के आनंद का पेडिकल स्क्रू फिक्सेशन तकनीक के माध्यम से सफल ऑपरेशन किया। यह तकनीक बेहद जटिल मानी जाती है लेकिन टीम ने इसे उच्च दक्षता के साथ अंजाम दिया। सर्जरी के बाद दोनों मरीजों में तेजी से सुधार देखा गया और उन्हें अगले ही दिन खड़ा कर चलाया गया जो अस्पताल की आधुनिक चिकित्सा क्षमता का प्रमाण है। इसी क्रम में अस्पताल ने एक और चुनौतीपूर्ण सफलता हासिल की। चिकित्सकों ने गंभीर हृदय रोग से पीड़ित श्रीनगर पौड़ी निवासी विनोद का सफल टोटल हिप रिप्लेसमेंट किया। मरीज एवस्कुलर नेक्रोसिस (AVN) से ग्रस्त था जिससे कूल्हे की हड्डी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी थी। मामले की गंभीरता इस बात से समझी जा सकती है कि मरीज का इजेक्शन फ्रैक्शन मात्र 25 प्रतिशत था और वह ट्रिपल वेसल डिजीज जैसी जटिल हृदय समस्या से भी जूझ रहा था। इन सभी जोखिमों के बावजूद डॉक्टरों ने सूझबूझ सटीक योजना और आधुनिक तकनीक के सहारे इस कठिन सर्जरी को सफल बनाया। एनेस्थीसिया विशेषज्ञ डॉ.सतेंद्र यादव ने पूरी प्रक्रिया के दौरान अत्यधिक सावधानी और कुशलता के साथ अपनी भूमिका निभाई। इस महत्वपूर्ण उपलब्धि में हड्डी रोग विभागाध्यक्ष डॉ.दया कृष्ण टम्टा और एसोसिएट प्रोफेसर डॉ.सुभाष चंद के साथ डॉ.आशुतोष भारद्वाज डॉ.शुभ्रांशु डॉ.वैभव नौडियाल डॉ.रवि श्रीवास्तव डॉ.मिलिंद चौधरी और डॉ.सार्थक तोमर सहित पूरी मेडिकल टीम का अहम योगदान रहा। नर्सिंग और सहयोगी स्टाफ में सीनियर नर्सिंग ऑफिसर यातम चंद नर्सिंग ऑफिसर सुरेंद्र जोशी प्रीति वडोला नितिन राहुल माथुर तथा वार्ड बॉय नवीन ने भी पूरी निष्ठा के साथ ऑपरेशन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इससे पहले भी अस्पताल में घुटनों के प्रत्यारोपण सहित कई सफल सर्जरी की जा चुकी हैं। लगातार मिल रही इन सफलताओं से यह स्पष्ट संकेत मिल रहा है कि आने वाले समय में बड़े शहरों के मरीज भी बेहतर इलाज के लिए श्रीनगर बेस अस्पताल का रुख करेंगे। यह उपलब्धि क्षेत्रीय स्वास्थ्य सेवाओं के लिए एक नई उम्मीद और प्रेरणा बनकर उभरी है। मरीजों ने उक्त उपचार मिलने पर चिकित्सकों का आभार जताया। जबकि बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिलने पर
प्रदेश सरकार एवं माननीय चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री सुबोध उनियाल जी का आभार व्यक्त किया। कहा कि आधुनिक सुविधाओं के चलते अब मरीजों को स्थानीय स्तर पर ही बेहतर और सुलभ उपचार मिल पा रहा है। आयुष्मान योजना से मुफ्त इलाज मरीजों को राहत
श्रीनगर आयुष्मान भारत योजना के तहत मरीजों को बड़ी राहत मिल रही है जिससे आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को भी अब महंगे इलाज निःशुल्क मिल रहे हैं। जटिल सर्जरी जैसे स्पाइन ऑपरेशन और हिप रिप्लेसमेंट भी बिना आर्थिक बोझ के संभव हो पा रहे हैं। इस योजना से मरीजों और उनके परिजनों को आर्थिक और मानसिक दोनों तरह की राहत मिली है। साथ ही अधिक जरूरतमंद लोग समय पर अस्पताल पहुंचकर बेहतर उपचार प्राप्त कर पा रहे हैं जिससे उनकी जीवन गुणवत्ता में सुधार हो रहा है। यह सफलता संस्थान के चिकित्सकों की कड़ी मेहनत समर्पण और आधुनिक तकनीकों के प्रभावी उपयोग का परिणाम है। अब जटिल से जटिल सर्जरी भी स्थानीय स्तर पर संभव हो रही है जिससे मरीजों को बड़े शहरों की ओर रुख नहीं करना पड़ेगा। हड्डी रोग विभाग की पूरी टीम को बधाई यह उपलब्धि भविष्य में और बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं देने के लिए प्रेरित करेगी। संस्थान लगातार उन्नत चिकित्सा सुविधाएं विकसित करने की दिशा में कार्य करता रहेगा। डॉ आशुतोष सयाना प्राचार्य मेडिकल कॉलेज श्रीनगर।
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प्रदीप कुमार
श्रीनगर गढ़वाल। राजकीय मेडिकल कॉलेज श्रीनगर के बेस अस्पताल ने चिकित्सा क्षेत्र में एक बड़ी उपलब्धि हासिल करते हुए अपनी विशेषज्ञता का शानदार प्रदर्शन किया है। अस्पताल के हड्डी रोग विभाग ने पहली बार दो मरीजों की जटिल स्पाइन सर्जरी और एक गंभीर मरीज का सफल टोटल हिप रिप्लेसमेंट (THR) ऑपरेशन कर इतिहास रच दिया है। इस सफलता ने न केवल मरीजों को नया जीवन दिया बल्कि संस्थान की चिकित्सा क्षमताओं को भी नई ऊंचाइयों तक पहुंचा दिया है। बेस अस्पताल के हड्डी रोग विभागाध्यक्ष डॉ.दया कृष्ण टम्टा और एसोसिएट प्रोफेसर डॉ.सुभाष चंद के नेतृत्व में अनुभवी चिकित्सकों की टीम ने रीढ़ की गंभीर चोट से जूझ रहे श्रीनगर निवासी दीपक और कर्णप्रयाग के आनंद का पेडिकल स्क्रू फिक्सेशन तकनीक के माध्यम से सफल ऑपरेशन किया। यह तकनीक बेहद जटिल मानी जाती है लेकिन टीम ने इसे उच्च दक्षता के साथ अंजाम दिया। सर्जरी के बाद दोनों मरीजों में तेजी से सुधार देखा गया और उन्हें अगले ही दिन खड़ा कर चलाया गया जो अस्पताल की आधुनिक चिकित्सा क्षमता का प्रमाण है। इसी क्रम में अस्पताल ने एक और चुनौतीपूर्ण सफलता हासिल की। चिकित्सकों ने गंभीर हृदय रोग से पीड़ित श्रीनगर पौड़ी निवासी विनोद का सफल टोटल हिप रिप्लेसमेंट किया। मरीज एवस्कुलर नेक्रोसिस (AVN) से ग्रस्त था जिससे कूल्हे की हड्डी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी थी। मामले की गंभीरता इस बात से समझी जा सकती है कि मरीज का इजेक्शन फ्रैक्शन मात्र 25 प्रतिशत था और वह ट्रिपल वेसल डिजीज जैसी जटिल हृदय समस्या से भी जूझ रहा था। इन सभी जोखिमों के बावजूद डॉक्टरों ने सूझबूझ सटीक योजना और आधुनिक तकनीक के सहारे इस कठिन सर्जरी को सफल बनाया। एनेस्थीसिया विशेषज्ञ डॉ.सतेंद्र यादव ने पूरी प्रक्रिया के दौरान अत्यधिक सावधानी और कुशलता के साथ अपनी भूमिका निभाई। इस महत्वपूर्ण उपलब्धि में हड्डी रोग विभागाध्यक्ष डॉ.दया कृष्ण टम्टा और एसोसिएट प्रोफेसर डॉ.सुभाष चंद के साथ डॉ.आशुतोष भारद्वाज डॉ.शुभ्रांशु डॉ.वैभव नौडियाल डॉ.रवि श्रीवास्तव डॉ.मिलिंद चौधरी और डॉ.सार्थक तोमर सहित पूरी मेडिकल टीम का अहम योगदान रहा। नर्सिंग और सहयोगी स्टाफ में सीनियर नर्सिंग ऑफिसर यातम चंद नर्सिंग ऑफिसर सुरेंद्र जोशी प्रीति वडोला नितिन राहुल माथुर तथा वार्ड बॉय नवीन ने भी पूरी निष्ठा के साथ ऑपरेशन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इससे पहले भी अस्पताल में घुटनों के प्रत्यारोपण सहित कई सफल सर्जरी की जा चुकी हैं। लगातार मिल रही इन सफलताओं से यह स्पष्ट संकेत मिल रहा है कि आने वाले समय में बड़े शहरों के मरीज भी बेहतर इलाज के लिए श्रीनगर बेस अस्पताल का रुख करेंगे। यह उपलब्धि क्षेत्रीय स्वास्थ्य सेवाओं के लिए एक नई उम्मीद और प्रेरणा बनकर उभरी है। मरीजों ने उक्त उपचार मिलने पर चिकित्सकों का आभार जताया। जबकि बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिलने पर
प्रदेश सरकार एवं माननीय चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री सुबोध उनियाल जी का आभार व्यक्त किया। कहा कि आधुनिक सुविधाओं के चलते अब मरीजों को स्थानीय स्तर पर ही बेहतर और सुलभ उपचार मिल पा रहा है। आयुष्मान योजना से मुफ्त इलाज मरीजों को राहत
श्रीनगर आयुष्मान भारत योजना के तहत मरीजों को बड़ी राहत मिल रही है जिससे आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को भी अब महंगे इलाज निःशुल्क मिल रहे हैं। जटिल सर्जरी जैसे स्पाइन ऑपरेशन और हिप रिप्लेसमेंट भी बिना आर्थिक बोझ के संभव हो पा रहे हैं। इस योजना से मरीजों और उनके परिजनों को आर्थिक और मानसिक दोनों तरह की राहत मिली है। साथ ही अधिक जरूरतमंद लोग समय पर अस्पताल पहुंचकर बेहतर उपचार प्राप्त कर पा रहे हैं जिससे उनकी जीवन गुणवत्ता में सुधार हो रहा है। यह सफलता संस्थान के चिकित्सकों की कड़ी मेहनत समर्पण और आधुनिक तकनीकों के प्रभावी उपयोग का परिणाम है। अब जटिल से जटिल सर्जरी भी स्थानीय स्तर पर संभव हो रही है जिससे मरीजों को बड़े शहरों की ओर रुख नहीं करना पड़ेगा। हड्डी रोग विभाग की पूरी टीम को बधाई यह उपलब्धि भविष्य में और बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं देने के लिए प्रेरित करेगी। संस्थान लगातार उन्नत चिकित्सा सुविधाएं विकसित करने की दिशा में कार्य करता रहेगा। डॉ आशुतोष सयाना प्राचार्य मेडिकल कॉलेज श्रीनगर।