प्रदीप कुमार
चमोली/श्रीनगर गढ़वाल। सचिव संस्कृत शिक्षा जनगणना एवं कार्यक्रम क्रियान्वयन विभाग उत्तराखंड शासन दीपक कुमार की अध्यक्षता में गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार चमोली में विभिन्न विभागीय योजनाओं एवं विकास कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में मुख्यमंत्री घोषणाओं सीएम हेल्पलाइन जनगणना कार्य जल जीवन मिशन एनआरएलएम स्वरोजगार योजनाओं सड़क पर्यटन कृषि उद्यान उद्योग उरेडा स्वास्थ्य शिक्षा और ग्रामीण विकास से जुड़ी योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक से पूर्व परियोजना निदेशक आनंद सिंह भाकुनी ने सचिव दीपक कुमार का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया। बैठक के दौरान सचिव ने सभी विभागाध्यक्षों को शासनादेश के अनुरूप कार्यालयों की नाम पट्टिकाएं हिंदी के साथ संस्कृत भाषा में भी लिखवाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि संस्कृत उत्तराखंड की दूसरी राजभाषा है और इसके संरक्षण एवं संवर्धन के लिए सभी विभागों को सकारात्मक पहल करनी चाहिए। राष्ट्रीय महत्व के जनगणना कार्य की समीक्षा करते हुए सचिव ने प्रथम चरण के अंतर्गत हाउस लिस्टिंग ब्लॉक्स कार्यों की प्रगति की जानकारी ली। उन्होंने चार्ज अधिकारियों को निर्धारित समय सीमा से एक सप्ताह पहले कार्य पूर्ण करने और नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने सरकार जनता के द्वार कार्यक्रम के तहत अधिकारियों को रोस्टर के अनुसार गांवों का भ्रमण कर रात्रि विश्राम करने तथा स्थानीय समस्याओं के त्वरित निस्तारण के लिए शासनादेश का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित करने को कहा। पर्यटन विभाग की समीक्षा के दौरान सचिव ने होम स्टे योजना को और अधिक प्रभावी बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने लीड बैंक प्रबंधक को होम स्टे से जुड़े ऋण प्रकरणों का सरलीकरण और त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने कहा कि स्वरोजगार आधारित योजनाएं ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन और पलायन रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। मुख्यमंत्री घोषणाओं और सीएम हेल्पलाइन की समीक्षा करते हुए सचिव ने सभी विभागों को शिकायतों और विकास कार्यों का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनसमस्याओं का त्वरित समाधान सरकार की प्राथमिकता है। वन विभाग को कृषि विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर जंगली जानवरों से फसलों को हो रहे नुकसान की रोकथाम तथा मानव-वन्यजीव संघर्ष की घटनाओं को कम करने के लिए प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए गए। सिंचाई विभाग को लंबित योजनाओं में तेजी लाने और कार्यों की प्रगति में सुधार करने को कहा गया। वहीं जल संस्थान और जल निगम को जल जीवन मिशन के अंतर्गत पेयजल योजनाओं को गति देते हुए ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा के दौरान सचिव ने सीएचसी और पीएचसी में रिक्त पदों के संबंध में आवश्यक प्रस्ताव शीघ्र शासन को भेजने तथा जिला चिकित्सालय से चिकित्सकों की ड्यूटी रोस्टर के आधार पर तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश दिए ताकि दूरस्थ क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाएं मजबूत हो सकें। शिक्षा विभाग को विद्यालयों में आधारभूत सुविधाओं स्वच्छता और शौचालय व्यवस्था में सुधार करने तथा निर्माण कार्यों को जिला योजना के माध्यम से शीघ्र पूरा कराने के निर्देश दिए गए। सचिव ने प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण एवं शहरी की समीक्षा करते हुए पात्र लाभार्थियों को समय पर लाभान्वित करने के निर्देश दिए। साथ ही पीएमजीएसवाई लोक निर्माण विभाग और ग्रामीण निर्माण विभाग द्वारा संचालित सड़क निर्माण एवं सुधारीकरण कार्यों की समीक्षा कर स्वीकृत सड़कों के निर्माण तथा आपदा प्रभावित मार्गों के सुधारीकरण कार्यों में तेजी लाने को कहा। उन्होंने सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि केंद्र और राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का आपसी समन्वय के साथ गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाए ताकि दूरस्थ गांवों तक स्वास्थ्य शिक्षा पेयजल सड़क और रोजगार जैसी मूलभूत सुविधाएं पहुंच सकें तथा पलायन पर प्रभावी रोक लगाई जा सके। बैठक में जिला पर्यटन अधिकारी अरविंद गौड़ मुख्य कृषि अधिकारी जेपी तिवारी डीपीआरओ रमेश चंद्र त्रिपाठी अधीक्षण अभियंता प्रमोद गंगाड़ी अधिशासी अभियंता नवीन ध्यानी एडीएसटीओ भूपाल सिंह चौहान सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे।
सचिव संस्कृत शिक्षा ने विकास योजनाओं की समीक्षा कर जनगणना कार्य समय से पहले पूरा करने के दिए निर्देश
