प्रदीप कुमार
हरिद्वार/श्रीनगर गढ़वाल। कांवड़ मेले के दृष्टिगत खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा खाद्य कारोबारियों के प्रतिष्ठानों का लगातार निरीक्षण किया जा रहा है। इसी क्रम में विभाग की टीम ने अलग-अलग स्थानों पर खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण करते हुए एक्सपायर्ड खाद्य पदार्थों की बिक्री और खाद्य सुरक्षा से जुड़ी अनियमितताओं के मामलों में कार्रवाई की है। दो खाद्य कारोबारियों के विरुद्ध न्यायालय में वाद दायर किया गया है। जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी महिमानंद जोशी ने बताया कि वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी दिलीप जैन ने 1 अगस्त 2026 को नयागांव हरिद्वार-नेशनल हाईवे स्थित जुबैर कन्फेक्शनर्स का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान फ्रीजर में पैक्ड फिज कोल्ड ड्रिंक्स की सात बोतलें एक्सपायर्ड मिलीं। इसके बावजूद दुकान के मालिक द्वारा इनका संग्रह एवं विक्रय किया जा रहा था। इसके साथ ही मौके पर खाद्य लाइसेंस के बिना खाद्य प्रतिष्ठान का संचालन किया जाना भी पाया गया। मामले में खाद्य प्रतिष्ठान के मालिक के विरुद्ध 10 अगस्त 2026 को न्यायालय में वाद दायर कराया गया। इसी क्रम में वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी दिलीप जैन ने गुप्त सूचना के आधार पर बसेड़ी, लक्सर स्थित सिंघल इंटरप्राइजेज का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान मौके पर गलत पते के आधार पर खाद्य प्रतिष्ठान का संचालन किया जाना पाया गया। टीम ने मौके से ड्रिंकिंग वाटर स्नैक्स बेसन चाय कोल्ड ड्रिंक्स सहित करीब दो क्विंटल एक्सपायर्ड खाद्य पदार्थ जब्त किए। जब्त खाद्य पदार्थों को डंपिंग ग्राउंड में गड्ढे में दबाकर नष्ट कराया गया। एक्सपायर्ड खाद्य पदार्थों का विक्रय करने गलत पते के खाद्य पंजीकरण पर खाद्य कारोबार संचालित करने तथा क्रय एवं विक्रय के इनवॉयस बिल प्रस्तुत न करने के मामले में खाद्य प्रतिष्ठान के मालिक तुषार सिंघल के विरुद्ध भी न्यायालय में वाद दायर किया गया है। इसके अलावा वरिष्ठ खाद्य सुरक्षा अधिकारी दिलीप जैन द्वारा मां चंडी देवी मंदिर परिसर स्थित मां चंडी देवी कैंटीन से खाद्य नमूना खुला काबुली चना लिया गया था। प्रयोगशाला जांच में यह नमूना असुरक्षित पाए जाने के बाद संबंधित खाद्य प्रतिष्ठान के मैनेजर एवं मालिक के विरुद्ध मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट हरिद्वार के न्यायालय में वाद दायर किया गया है। खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा कांवड़ मेले के दौरान खाद्य कारोबारियों के प्रतिष्ठानों का निरीक्षण लगातार जारी रखते हुए खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और खाद्य सुरक्षा मानकों की निगरानी की जा रही है।
