प्रदीप कुमार
हरिद्वार/श्रीनगर गढ़वाल। मुख्य विकास अधिकारी डॉ.ललित नारायण मिश्र एवं अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी यूएसआरएलएम की अध्यक्षता में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) की महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक विकास भवन सभागार में आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य जनपद में संचालित एनआरएलएम के विभिन्न घटकों की प्रगति की समीक्षा करना तथा आगामी कार्यों के समयबद्ध क्रियान्वयन के लिए दिशा-निर्देश देना रहा। बैठक में यूएसआरएलएम के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ जनपद की एनआरएलएम एवं ग्रामोत्थान टीम उपस्थित रही। बैठक में एनआरएलएम के प्रत्येक घटक की विस्तृत समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि केवाईसी स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) सदस्यों के बैंक खातों का लोकॉस में अपडेशन एसएमसी तथा एसएचजी वीओ एवं सीएलएफ के ऑडिट का कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूरा किया जाए। साथ ही शेलपन कैडर के ऑनबोर्डिंग एफपीओ एवं आईएफसी के कार्यों में तेजी लाने पर विशेष जोर दिया गया। बिना बैंक खाते वाले एसएचजी तथा अपूर्ण प्रोफाइल वाले समूहों की प्रोफाइल जल्द पूरी करने और एसएचजी वीओ एवं सीएलएफ के लेनदेन को पूर्ण करने के निर्देश भी दिए गए। समीक्षा के दौरान ई-बुककीपर के माध्यम से ग्राम पंचायतवार कार्यों को निर्धारित समय पर पूरा कराने के सख्त निर्देश दिए गए। अधिकारियों ने कहा कि ई-बुककीपर प्रणाली से समूहों में वित्तीय पारदर्शिता बढ़ेगी और लेखा-जोखा समय पर उपलब्ध हो सकेगा। इससे समूहों की कार्यक्षमता में भी वृद्धि होगी। बैठक में आईपीआरपी की भर्ती तथा सीएलएफ में सीएलएफ मैनेजर एवं अकाउंटेंट की ब्लॉक स्तर पर भर्ती कराने के निर्देश दिए गए। इसके साथ ही वीपीआरपी पर सभी इकाइयों का एंटाइटलमेंट प्लान एवं लाइवलीहुड प्लान तैयार करने को कहा गया। इन योजनाओं को ग्राम सभा के लिए तैयार करते हुए ग्राम पंचायत विकास योजना (जीपीडीपी) में सोशल डेवलपमेंट प्लान के साथ प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए ताकि ग्रामीण विकास योजनाओं में महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित हो सके और आजीविका से जुड़ी गतिविधियों को प्राथमिकता मिल सके। अधिकारियों ने सभी प्रकार की आरसेटी ट्रेनिंग समय से पूरी करने तथा स्मॉल एंटरप्राइजेज एवं इंटरलोनिंग को बढ़ावा देकर स्वयं सहायता समूह के सदस्यों की आजीविका को मजबूत करने के निर्देश दिए। बीमा सखी एफएलसीआरपी एवं बीसी सखी की ट्रेनिंग को आरसेटी के साथ समन्वय स्थापित कर पूरा कराने को भी कहा गया। बैठक में स्पष्ट किया गया कि सभी प्रशिक्षण कार्यक्रमों की गुणवत्ता बनाए रखते हुए उन्हें निर्धारित समय-सीमा में पूरा किया जाए जिससे समूह की महिलाओं को स्वरोजगार एवं आजीविका के बेहतर अवसर मिल सकें। मुख्य विकास अधिकारी डॉ.ललित नारायण मिश्र ने ब्लॉक स्तर के अधिकारियों को निर्देश दिए कि लखपति दीदी की आजीविका बढ़ाने के लिए लाइन डिपार्टमेंट ग्रामोत्थान एवं अन्य विभागों के सहयोग से अधिक से अधिक लाभ दिलाया जाए। उन्होंने कहा कि विभिन्न विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर लखपति दीदी को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाया जाए जिससे जनपद की लखपति दीदियों की आजीविका को मजबूत किया जा सके। महिलाओं से जुड़े एनआरएलएम के सभी घटकों को समय पर पूरा करने के निर्देश भी दिए गए ताकि जनपद की प्रगति बेहतर हो और हरिद्वार अन्य जनपदों के लिए उदाहरण बन सके। बैठक में सभी इकाइयों एसएचजी वीओ एवं सीएलएफ के लेनदेन को पूर्ण करने तथा आवश्यकतानुसार सुधारात्मक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। अधिकारियों ने कहा कि समूहों की आर्थिक स्थिति मजबूत होने से ही ग्रामीण महिलाओं की आजीविका में स्थायी सुधार संभव है। इस अवसर पर जिला विकास अधिकारी हरिद्वार स्टेट मिशन मैनेजर दिवाकर पुरोहित एसपीएम विनकेश एसपीएम चरणजीत यूपीएसआरएलएम से दुर्गा गैरोला छह ब्लॉकों के खंड विकास अधिकारी एनआरएलएम टीम से जिला थीमेटिक एक्सपर्ट सूरज कुमार एमआईएस दानेश सहित जनपद की ग्रामोत्थान टीम उपस्थित रही। बैठक के अंत में सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि वे निर्धारित बिंदुओं पर प्राथमिकता के आधार पर कार्य करते हुए तय समय-सीमा के भीतर प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करें। अधिकारियों के अनुसार इस समीक्षा बैठक से जनपद हरिद्वार में एनआरएलएम के अंतर्गत संचालित गतिविधियों को नई गति मिलने तथा ग्रामीण महिलाओं की आजीविका को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण योगदान मिलेगा।
