स्वास्थ्य विभाग एवं जिला प्रसाशन के सहयोग से टीबी मुक्त बनने की ओर अग्रसर है जनपद हरिद्वार
प्रदीप कुमार
हरिद्वार/श्रीनगर गढ़वाल।हरिद्वार 7 नवंबर को मुख्य चिकित्सा अधिकारी आर के सिंह ने अवगत कराया है कि जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के कुशल नेतृत्व एवं निर्देशन में स्वास्थ्य विभाग हरिद्वार ने क्षय रोगियों की समय पर पहचान कर उन्हें उचित परामर्श और ईलाज उपलब्ध कराया गया। उन्होंने अवगत कराया है की जिला क्षय रोग कार्यालय हरिद्वार द्वारा जनपद के करीब 5 लाख टीबी संभावित मरीजों का टीवी से मुक्त करने का लक्ष्य रखा गया है।विभाग द्वारा करीब 2.25 लाख टीबी मरीजों की न सिर्फ पहचान की गई बल्कि निशुल्क जांच जैसे बलगम की जांच,एक्स-रे सुविधाएं प्रदान की गयी हैं और दवाओं का वितरण एवं उपचार भी प्रदान किया जा रहा है, तथा एचआईवी पॉजिटिव व्यक्तियों में टीबी के संक्रमण का खतरा अधिक रहता है जिला क्षयरोग कार्यालय ऐसे संक्रमित व्यक्तियों की जाँच,दवाइयां और उपचार सुनिश्चित किया जा रहा है इसके अलावा नशे की चपेट में आ रहे लोगों को भी टीबी से मुक्त रखने के लिए उन्हें उचित उपचार दिया जा रहा है। निक्षय मित्र योजना के तहत जनपद के टीबी मरीजों को स्वास्थ्य पोषक आहार उपलब्ध कराने के लिए विभिन्न व्यक्ति व सामाजिक संस्थाएं सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं अब तक 7 हजार से ज्यादा निक्षय मित्र टीबी से लड़ाई में सहारा बन रहे हैं उन्होंने कहा कि योजना के तहत टीबी मरीजों को इलाज पूरा होने तक 1 हजार रूपये प्रति माह पोषण भत्ता दिया जाता है स्वास्थ्य विभाग जिला प्रशासन,जिला स्वस्थ्य समिति एवं जनशक्ति की सामूहिक भागीदारी से टीबी मुक्त बनने की ओर जनपद हरिद्वार अग्रसर है।
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स्वास्थ्य विभाग एवं जिला प्रसाशन के सहयोग से टीबी मुक्त बनने की ओर अग्रसर है जनपद हरिद्वार
प्रदीप कुमार
हरिद्वार/श्रीनगर गढ़वाल।हरिद्वार 7 नवंबर को मुख्य चिकित्सा अधिकारी आर के सिंह ने अवगत कराया है कि जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के कुशल नेतृत्व एवं निर्देशन में स्वास्थ्य विभाग हरिद्वार ने क्षय रोगियों की समय पर पहचान कर उन्हें उचित परामर्श और ईलाज उपलब्ध कराया गया। उन्होंने अवगत कराया है की जिला क्षय रोग कार्यालय हरिद्वार द्वारा जनपद के करीब 5 लाख टीबी संभावित मरीजों का टीवी से मुक्त करने का लक्ष्य रखा गया है।विभाग द्वारा करीब 2.25 लाख टीबी मरीजों की न सिर्फ पहचान की गई बल्कि निशुल्क जांच जैसे बलगम की जांच,एक्स-रे सुविधाएं प्रदान की गयी हैं और दवाओं का वितरण एवं उपचार भी प्रदान किया जा रहा है, तथा एचआईवी पॉजिटिव व्यक्तियों में टीबी के संक्रमण का खतरा अधिक रहता है जिला क्षयरोग कार्यालय ऐसे संक्रमित व्यक्तियों की जाँच,दवाइयां और उपचार सुनिश्चित किया जा रहा है इसके अलावा नशे की चपेट में आ रहे लोगों को भी टीबी से मुक्त रखने के लिए उन्हें उचित उपचार दिया जा रहा है। निक्षय मित्र योजना के तहत जनपद के टीबी मरीजों को स्वास्थ्य पोषक आहार उपलब्ध कराने के लिए विभिन्न व्यक्ति व सामाजिक संस्थाएं सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं अब तक 7 हजार से ज्यादा निक्षय मित्र टीबी से लड़ाई में सहारा बन रहे हैं उन्होंने कहा कि योजना के तहत टीबी मरीजों को इलाज पूरा होने तक 1 हजार रूपये प्रति माह पोषण भत्ता दिया जाता है स्वास्थ्य विभाग जिला प्रशासन,जिला स्वस्थ्य समिति एवं जनशक्ति की सामूहिक भागीदारी से टीबी मुक्त बनने की ओर जनपद हरिद्वार अग्रसर है।