पौड़ी पुलिस की त्वरित कार्रवाई से साइबर ठगी की 88 हजार की राशि पीड़िता को वापस मिली
प्रदीप कुमार
पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। 17 मई को पौड़ी पुलिस की सक्रियता और साइबर सेल की तत्परता के कारण एक पीड़िता को साइबर ठगी में खोई गई धनराशि वापस मिल गई। प्रियंका रावत निवासी पाबौ ने कोतवाली पौड़ी में शिकायत दर्ज कराई कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने खुद को उनके पिता का परिचित बताते हुए अपने परिजन के अस्पताल में भर्ती होने का हवाला देकर तत्काल आर्थिक सहायता मांगी। विश्वास में आकर उन्होंने ₹99,500 पेटीएम के माध्यम से ट्रांसफर कर दिए। बाद में पता चला कि यह साइबर ठगी थी। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक पौड़ी,सर्वेश पंवार के निर्देश पर साइबर सेल टीम ने लेन-देन से जुड़े खातों की गहन निगरानी,बैंकिंग विवरण की जांच और तकनीकी विश्लेषण किया। प्रारंभिक जांच में पाया गया कि धनराशि तीन चरणों में ट्रांसफर की गई थी।लगातार मॉनिटरिंग और आवश्यक कार्रवाई के परिणामस्वरूप ₹88,000 पीड़िता के खाते में सुरक्षित लौटाए गए। धनराशि लौटने पर पीड़िता ने साइबर सेल टीम और पौड़ी पुलिस का आभार व्यक्त किया।पुलिस टीम उपनिरीक्षक नवीन पुरोहित,आरक्षी गौरव साइबर सेल।
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पौड़ी पुलिस की त्वरित कार्रवाई से साइबर ठगी की 88 हजार की राशि पीड़िता को वापस मिली
प्रदीप कुमार
पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। 17 मई को पौड़ी पुलिस की सक्रियता और साइबर सेल की तत्परता के कारण एक पीड़िता को साइबर ठगी में खोई गई धनराशि वापस मिल गई। प्रियंका रावत निवासी पाबौ ने कोतवाली पौड़ी में शिकायत दर्ज कराई कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने खुद को उनके पिता का परिचित बताते हुए अपने परिजन के अस्पताल में भर्ती होने का हवाला देकर तत्काल आर्थिक सहायता मांगी। विश्वास में आकर उन्होंने ₹99,500 पेटीएम के माध्यम से ट्रांसफर कर दिए। बाद में पता चला कि यह साइबर ठगी थी। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक पौड़ी,सर्वेश पंवार के निर्देश पर साइबर सेल टीम ने लेन-देन से जुड़े खातों की गहन निगरानी,बैंकिंग विवरण की जांच और तकनीकी विश्लेषण किया। प्रारंभिक जांच में पाया गया कि धनराशि तीन चरणों में ट्रांसफर की गई थी।लगातार मॉनिटरिंग और आवश्यक कार्रवाई के परिणामस्वरूप ₹88,000 पीड़िता के खाते में सुरक्षित लौटाए गए। धनराशि लौटने पर पीड़िता ने साइबर सेल टीम और पौड़ी पुलिस का आभार व्यक्त किया।पुलिस टीम उपनिरीक्षक नवीन पुरोहित,आरक्षी गौरव साइबर सेल।