प्रदीप कुमार
पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। पुलिस मुख्यालय द्वारा गुमशुदा व्यक्तियों की खोजबीन हेतु संचालित ऑपरेशन स्माइल अभियान के तहत 24 फरवरी 2026 को पौड़ी पुलिस ने मानसिक रूप से अस्वस्थ युवक गया प्रसाद को सुरक्षित घर पहुंचाया। युवक अपने भाई के साथ काम की तलाश में उत्तर प्रदेश से हरिद्वार आया था और भटकते हुए कोटद्वार पहुँच गया।समाजसेवी इंदू नौटियाल ने हल्दुखाता क्षेत्र में खेतों में असहाय अवस्था में पाए गए युवक को एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (AHTU) कोटद्वार कार्यालय लाया। स्थानीय पुलिस की मदद से युवक को सरकारी वाहन से कार्यालय तक सुरक्षित पहुंचाया गया। कार्यालय में महिला उपनिरीक्षक सुमन लता महिला कांस्टेबल विद्या मेहता और कांस्टेबल शूरवीर सिंह ने युवक से पूछताछ की। युवक ने अपनी पहचान रामपुर कोठी लखीमपुर खीरी उत्तर प्रदेश निवासी 21 वर्षीय गया प्रसाद के रूप में करवाई।संपर्क किए गए बड़े भाई और माता के माध्यम से पुष्टि हुई कि युवक 15 फरवरी से हरिद्वार सिडकुल क्षेत्र से लापता था और उसकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं थी। सत्यापन और काउंसलिंग के बाद युवक को उसके ताऊ के पुत्र सियाराम और बहनोई विकास के सुपुर्द कर सुरक्षित घर वापसी कराई गई। पुलिस टीम महिला उपनिरीक्षक सुमन लता महिला कांस्टेबल विद्या मेहता कांस्टेबल शूरवीर सिंह एवं एएचटीयू कोटद्वार कर्मचारी।
Spread the love
प्रदीप कुमार
पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। पुलिस मुख्यालय द्वारा गुमशुदा व्यक्तियों की खोजबीन हेतु संचालित ऑपरेशन स्माइल अभियान के तहत 24 फरवरी 2026 को पौड़ी पुलिस ने मानसिक रूप से अस्वस्थ युवक गया प्रसाद को सुरक्षित घर पहुंचाया। युवक अपने भाई के साथ काम की तलाश में उत्तर प्रदेश से हरिद्वार आया था और भटकते हुए कोटद्वार पहुँच गया।समाजसेवी इंदू नौटियाल ने हल्दुखाता क्षेत्र में खेतों में असहाय अवस्था में पाए गए युवक को एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (AHTU) कोटद्वार कार्यालय लाया। स्थानीय पुलिस की मदद से युवक को सरकारी वाहन से कार्यालय तक सुरक्षित पहुंचाया गया। कार्यालय में महिला उपनिरीक्षक सुमन लता महिला कांस्टेबल विद्या मेहता और कांस्टेबल शूरवीर सिंह ने युवक से पूछताछ की। युवक ने अपनी पहचान रामपुर कोठी लखीमपुर खीरी उत्तर प्रदेश निवासी 21 वर्षीय गया प्रसाद के रूप में करवाई।संपर्क किए गए बड़े भाई और माता के माध्यम से पुष्टि हुई कि युवक 15 फरवरी से हरिद्वार सिडकुल क्षेत्र से लापता था और उसकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं थी। सत्यापन और काउंसलिंग के बाद युवक को उसके ताऊ के पुत्र सियाराम और बहनोई विकास के सुपुर्द कर सुरक्षित घर वापसी कराई गई। पुलिस टीम महिला उपनिरीक्षक सुमन लता महिला कांस्टेबल विद्या मेहता कांस्टेबल शूरवीर सिंह एवं एएचटीयू कोटद्वार कर्मचारी।