प्रदीप कुमार
श्रीनगर गढ़वाल। श्रीनगर को मॉडल नगर बनाने की दिशा में नगर निगम ने पहल तेज कर दी है। मेयर आरती भंडारी ने छठवें राज्य वित्त आयोग से अनुदान बढ़ाने की मांग करते हुए शहर के समग्र विकास का खाका प्रस्तुत किया। गढ़वाल मंडल विकास निगम में छठवें राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष आर.एन.रविशंकर सदस्य पी.एस.जंगपांगी और एम.सी. जोशी के श्रीनगर आगमन पर नगर निगम द्वारा स्वागत किया गया। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने रजत जयंती पार्क (वेस्ट टू वंडर पार्क) का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान आयोग के सदस्यों ने पार्क की सराहना करते हुए इसे स्वच्छता और विकास का उत्कृष्ट उदाहरण बताया जहां कभी कूड़े का ढेर था और अब आकर्षक पार्क विकसित किया गया है। इस अवसर पर मेयर ने आयोग को एक विस्तृत पत्र सौंपते हुए नगर निगम की आवश्यकताओं और चुनौतियों से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि वर्ष 2021 में नगर पालिका से नगर निगम बनने के बाद श्रीनगर का क्षेत्रफल बढ़कर 25 वर्ग किलोमीटर से अधिक हो गया है और जनसंख्या भी करीब 1.25 लाख तक पहुंच गई है। उन्होंने कहा कि श्रीनगर ऐतिहासिक और सांस्कृतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण होने के साथ चारधाम यात्रा का प्रमुख पड़ाव है जिससे यहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोगों का आवागमन रहता है।विश्वविद्यालय मेडिकल कॉलेज और एनआईटी जैसे संस्थानों के कारण भी शहर पर अतिरिक्त दबाव बना हुआ है। मेयर ने बताया कि बढ़ती आबादी और विस्तारित क्षेत्र के चलते स्ट्रीट लाइट सफाई पार्किंग और यातायात जैसी मूलभूत सुविधाओं पर खर्च लगातार बढ़ रहा है। शहर में मल्टी लेवल पार्किंग न होने से जाम की समस्या बनी रहती है। साथ ही निगम का मासिक बिजली खर्च 5-6 लाख रुपये से बढ़कर 12-15 लाख रुपये तक पहुंच गया है। नए क्षेत्रों में विकास कार्य होने के बावजूद 10 वर्षों तक राजस्व वसूली न होने से आर्थिक दबाव और बढ़ गया है। पत्र में सिटी बस सेवा शुरू करने कर्मचारियों की संख्या बढ़ाने और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए अतिरिक्त बजट की मांग की गई है। मेयर ने उम्मीद जताई कि आयोग द्वारा सकारात्मक निर्णय लिए जाने पर श्रीनगर को स्वच्छ सुंदर और सुव्यवस्थित मॉडल नगर के रूप में विकसित किया जा सकेगा।
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प्रदीप कुमार
श्रीनगर गढ़वाल। श्रीनगर को मॉडल नगर बनाने की दिशा में नगर निगम ने पहल तेज कर दी है। मेयर आरती भंडारी ने छठवें राज्य वित्त आयोग से अनुदान बढ़ाने की मांग करते हुए शहर के समग्र विकास का खाका प्रस्तुत किया। गढ़वाल मंडल विकास निगम में छठवें राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष आर.एन.रविशंकर सदस्य पी.एस.जंगपांगी और एम.सी. जोशी के श्रीनगर आगमन पर नगर निगम द्वारा स्वागत किया गया। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने रजत जयंती पार्क (वेस्ट टू वंडर पार्क) का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान आयोग के सदस्यों ने पार्क की सराहना करते हुए इसे स्वच्छता और विकास का उत्कृष्ट उदाहरण बताया जहां कभी कूड़े का ढेर था और अब आकर्षक पार्क विकसित किया गया है। इस अवसर पर मेयर ने आयोग को एक विस्तृत पत्र सौंपते हुए नगर निगम की आवश्यकताओं और चुनौतियों से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि वर्ष 2021 में नगर पालिका से नगर निगम बनने के बाद श्रीनगर का क्षेत्रफल बढ़कर 25 वर्ग किलोमीटर से अधिक हो गया है और जनसंख्या भी करीब 1.25 लाख तक पहुंच गई है। उन्होंने कहा कि श्रीनगर ऐतिहासिक और सांस्कृतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण होने के साथ चारधाम यात्रा का प्रमुख पड़ाव है जिससे यहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोगों का आवागमन रहता है।विश्वविद्यालय मेडिकल कॉलेज और एनआईटी जैसे संस्थानों के कारण भी शहर पर अतिरिक्त दबाव बना हुआ है। मेयर ने बताया कि बढ़ती आबादी और विस्तारित क्षेत्र के चलते स्ट्रीट लाइट सफाई पार्किंग और यातायात जैसी मूलभूत सुविधाओं पर खर्च लगातार बढ़ रहा है। शहर में मल्टी लेवल पार्किंग न होने से जाम की समस्या बनी रहती है। साथ ही निगम का मासिक बिजली खर्च 5-6 लाख रुपये से बढ़कर 12-15 लाख रुपये तक पहुंच गया है। नए क्षेत्रों में विकास कार्य होने के बावजूद 10 वर्षों तक राजस्व वसूली न होने से आर्थिक दबाव और बढ़ गया है। पत्र में सिटी बस सेवा शुरू करने कर्मचारियों की संख्या बढ़ाने और बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए अतिरिक्त बजट की मांग की गई है। मेयर ने उम्मीद जताई कि आयोग द्वारा सकारात्मक निर्णय लिए जाने पर श्रीनगर को स्वच्छ सुंदर और सुव्यवस्थित मॉडल नगर के रूप में विकसित किया जा सकेगा।