प्रदीप कुमार
टिहरी/श्रीनगर गढ़वाल। चंबा के निकट हुई सड़क दुर्घटना के बाद सुप्रीम कोर्ट की रोड सेफ्टी कमेटी के निर्देशों के अनुपालन में राज्य की लीड एजेंसी की टीम ने दुर्घटना स्थल का निरीक्षण किया और आवश्यक सुधार के निर्देश दिए। इस दुर्घटना में 8 लोगों की मौके पर ही मृत्यु हो गई थी। लीड एजेंसी की टीम ने दुर्घटनाग्रस्त वाहन का स्थल निरीक्षण करते हुए मार्ग की स्थिति का जायजा लिया। जांच के दौरान पाया गया कि दुर्घटना स्थल पर सड़क की चौड़ाई पर्याप्त है और पैरापेट भी लगे हुए हैं लेकिन मोड़ के बाद लगातार ढलान है। प्रथम दृष्टया यह सामने आया कि निरंतर ढलान के कारण चालक वाहन की गति पर नियंत्रण नहीं रख पाया जिससे यह हादसा हुआ। उप परिवहन आयुक्त शैलेश तिवारी के नेतृत्व में किए गए इस निरीक्षण में परिवहन पुलिस और लोक निर्माण विभाग के स्थानीय अधिकारियों के साथ जेपीआरआई के विशेषज्ञ भी शामिल रहे। टीम ने आवश्यक जानकारियां जुटाने के साथ वाहन की भी जांच की जिसके आधार पर विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर उच्च स्तर पर भेजी जाएगी। निरीक्षण के दौरान लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिए गए कि तीव्र ढलान को देखते हुए रंबल स्ट्रिप बनाई जाए क्रैश बैरियर लगाए जाएं और मोड़ पर सड़क की बनावट में सुधार किया जाए। इसके साथ ही इस स्थान पर गति सीमा और दुर्घटना संभावित क्षेत्र के संकेतक बोर्ड लगाने के निर्देश भी दिए गए।निरीक्षण में लीड एजेंसी से सहायक निदेशक नरेश संगल पुलिस विभाग से अविनाश चौधरी लोक निर्माण विभाग से संजय बिष्ट तथा जनपद टिहरी से क्षेत्राधिकारी चंबा महेश लखेरा अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग चंबा जगदीश खाती एआरटीओ प्रवर्तन सत्येंद्र राज एआरटीओ प्रशासन राजेंद्र विराटिया संभागीय निरीक्षक नीलेश और सहायक अभियंता लोक निर्माण विभाग चंबा मनीषा सेठी उपस्थित रहे।
टिहरी में चंबा मार्ग हादसे की मजिस्ट्रियल जांच के लिए जिलाधिकारी ने एसडीएम को जांच अधिकारी नामित किया
प्रदीप कुमार
टिहरी/श्रीनगर गढ़वाल। चंबा-कोटी कॉलोनी मोटर मार्ग पर हुए सड़क हादसे के मामले में जिलाधिकारी टिहरी गढ़वाल नितिका खण्डेलवाल ने उप जिला मजिस्ट्रेट टिहरी को जांच अधिकारी नामित किया है। 23 अप्रैल 2026 को दोपहर लगभग 2:42 बजे वाहन संख्या UK09TA-1799 नैलमल्ला क्षेत्र में होटल बागसू महादेव के पास अनियंत्रित होकर सड़क किनारे लगे पैरापेट को तोड़ते हुए करीब 300 मीटर गहरी खाई में गिर गया था। इस दुर्घटना में वाहन में सवार 10 लोगों में से 8 की मृत्यु हो गई जबकि 2 लोग घायल हुए हैं। सड़क सुरक्षा के दृष्टिकोण से दुर्घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने और कारणों की जांच के लिए उप जिला मजिस्ट्रेट टिहरी को मजिस्ट्रियल जांच सौंपी गई है। उन्हें एक सप्ताह के भीतर विस्तृत जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। जांच में दुर्घटना की तिथि और समय संबंधित मोटर मार्ग वाहन का पंजीकरण नंबर परमिट और उसकी वैधता यात्री कर और राहत अधिभार की स्थिति मृतक और घायलों का विवरण उनके नाम और पते चिकित्सा पुष्टि आश्रितों की जानकारी सहित सभी आवश्यक बिंदुओं को शामिल किया जाएगा। इसके साथ ही दुर्घटनाग्रस्त वाहन का मौके पर तकनीकी परीक्षण चालक की स्थिति संभावित नशा लापरवाही वाहन की यांत्रिक स्थिति तेज गति और सड़क की स्थिति जैसे पहलुओं की भी विस्तृत जांच की जाएगी। साथ ही चालक के लाइसेंस से संबंधित जानकारी भी रिपोर्ट में शामिल की जाएगी। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए हैं कि जांच रिपोर्ट सभी बिंदुओं को समाहित करते हुए निर्धारित समय सीमा में प्रस्तुत की जाए ताकि आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।
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प्रदीप कुमार
टिहरी/श्रीनगर गढ़वाल। चंबा के निकट हुई सड़क दुर्घटना के बाद सुप्रीम कोर्ट की रोड सेफ्टी कमेटी के निर्देशों के अनुपालन में राज्य की लीड एजेंसी की टीम ने दुर्घटना स्थल का निरीक्षण किया और आवश्यक सुधार के निर्देश दिए। इस दुर्घटना में 8 लोगों की मौके पर ही मृत्यु हो गई थी। लीड एजेंसी की टीम ने दुर्घटनाग्रस्त वाहन का स्थल निरीक्षण करते हुए मार्ग की स्थिति का जायजा लिया। जांच के दौरान पाया गया कि दुर्घटना स्थल पर सड़क की चौड़ाई पर्याप्त है और पैरापेट भी लगे हुए हैं लेकिन मोड़ के बाद लगातार ढलान है। प्रथम दृष्टया यह सामने आया कि निरंतर ढलान के कारण चालक वाहन की गति पर नियंत्रण नहीं रख पाया जिससे यह हादसा हुआ। उप परिवहन आयुक्त शैलेश तिवारी के नेतृत्व में किए गए इस निरीक्षण में परिवहन पुलिस और लोक निर्माण विभाग के स्थानीय अधिकारियों के साथ जेपीआरआई के विशेषज्ञ भी शामिल रहे। टीम ने आवश्यक जानकारियां जुटाने के साथ वाहन की भी जांच की जिसके आधार पर विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर उच्च स्तर पर भेजी जाएगी। निरीक्षण के दौरान लोक निर्माण विभाग को निर्देश दिए गए कि तीव्र ढलान को देखते हुए रंबल स्ट्रिप बनाई जाए क्रैश बैरियर लगाए जाएं और मोड़ पर सड़क की बनावट में सुधार किया जाए। इसके साथ ही इस स्थान पर गति सीमा और दुर्घटना संभावित क्षेत्र के संकेतक बोर्ड लगाने के निर्देश भी दिए गए।निरीक्षण में लीड एजेंसी से सहायक निदेशक नरेश संगल पुलिस विभाग से अविनाश चौधरी लोक निर्माण विभाग से संजय बिष्ट तथा जनपद टिहरी से क्षेत्राधिकारी चंबा महेश लखेरा अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग चंबा जगदीश खाती एआरटीओ प्रवर्तन सत्येंद्र राज एआरटीओ प्रशासन राजेंद्र विराटिया संभागीय निरीक्षक नीलेश और सहायक अभियंता लोक निर्माण विभाग चंबा मनीषा सेठी उपस्थित रहे।
टिहरी में चंबा मार्ग हादसे की मजिस्ट्रियल जांच के लिए जिलाधिकारी ने एसडीएम को जांच अधिकारी नामित किया
प्रदीप कुमार
टिहरी/श्रीनगर गढ़वाल। चंबा-कोटी कॉलोनी मोटर मार्ग पर हुए सड़क हादसे के मामले में जिलाधिकारी टिहरी गढ़वाल नितिका खण्डेलवाल ने उप जिला मजिस्ट्रेट टिहरी को जांच अधिकारी नामित किया है। 23 अप्रैल 2026 को दोपहर लगभग 2:42 बजे वाहन संख्या UK09TA-1799 नैलमल्ला क्षेत्र में होटल बागसू महादेव के पास अनियंत्रित होकर सड़क किनारे लगे पैरापेट को तोड़ते हुए करीब 300 मीटर गहरी खाई में गिर गया था। इस दुर्घटना में वाहन में सवार 10 लोगों में से 8 की मृत्यु हो गई जबकि 2 लोग घायल हुए हैं। सड़क सुरक्षा के दृष्टिकोण से दुर्घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने और कारणों की जांच के लिए उप जिला मजिस्ट्रेट टिहरी को मजिस्ट्रियल जांच सौंपी गई है। उन्हें एक सप्ताह के भीतर विस्तृत जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। जांच में दुर्घटना की तिथि और समय संबंधित मोटर मार्ग वाहन का पंजीकरण नंबर परमिट और उसकी वैधता यात्री कर और राहत अधिभार की स्थिति मृतक और घायलों का विवरण उनके नाम और पते चिकित्सा पुष्टि आश्रितों की जानकारी सहित सभी आवश्यक बिंदुओं को शामिल किया जाएगा। इसके साथ ही दुर्घटनाग्रस्त वाहन का मौके पर तकनीकी परीक्षण चालक की स्थिति संभावित नशा लापरवाही वाहन की यांत्रिक स्थिति तेज गति और सड़क की स्थिति जैसे पहलुओं की भी विस्तृत जांच की जाएगी। साथ ही चालक के लाइसेंस से संबंधित जानकारी भी रिपोर्ट में शामिल की जाएगी। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए हैं कि जांच रिपोर्ट सभी बिंदुओं को समाहित करते हुए निर्धारित समय सीमा में प्रस्तुत की जाए ताकि आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।