प्रदीप कुमार
रुद्रप्रयाग/श्रीनगर गढ़वाल। जनपद में भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के क्रम में विशेष गहन पुनरीक्षण एसआईआर 2026 का कार्य तेजी से संचालित किया जा रहा है। जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी विशाल मिश्रा द्वारा पुनरीक्षण कार्य की निरंतर समीक्षा की जा रही है। इस क्रम में समय-समय पर निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों बूथ लेवल अधिकारियों सहित संबंधित अधिकारियों एवं कार्मिकों के साथ बैठक कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जा रहे हैं। जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि विशेष गहन पुनरीक्षण का उद्देश्य मतदाता सूची को अधिक शुद्ध अद्यतन एवं त्रुटिरहित बनाना है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि पुनरीक्षण कार्य के दौरान निष्पक्षता पारदर्शिता एवं निर्धारित नियमों का पूर्ण अनुपालन सुनिश्चित किया जाए तथा प्रत्येक प्रकरण का परीक्षण पूरी सावधानी एवं गंभीरता के साथ किया जाए ताकि मतदाता सूची में किसी प्रकार की त्रुटि की संभावना न रहे। उन्होंने कहा कि जनपद रुद्रप्रयाग का अधिकांश भूभाग पर्वतीय एवं दूरस्थ क्षेत्रों में है तथा वर्तमान में मानसून का मौसम भी चल रहा है। ऐसे में अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि जिन मामलों में मतदाता के नाम पते अथवा अन्य विवरण में माइनर करेक्शन किया जाना है और नागरिक दूरस्थ क्षेत्रों में रहते हैं उनकी सुविधा को ध्यान में रखते हुए ऐसे मामलों में जहां नियमों के तहत ऑनलाइन माध्यम से दस्तावेज प्राप्त करना संभव हो वहां व्हाट्सऐप अथवा अन्य उपलब्ध ऑनलाइन माध्यमों से आवश्यक दस्तावेज प्राप्त किए जा सकते हैं। हालांकि ऑनलाइन माध्यम से प्राप्त दस्तावेजों का संबंधित स्तर पर विधिवत सत्यापन किया जाना अनिवार्य होगा। दस्तावेजों की पूर्ण एवं संतोषजनक जांच के उपरांत ही उन्हें संबंधित प्रक्रिया में अपलोड किया जाए। जिलाधिकारी ने यह भी निर्देश दिए कि जिन व्यक्तियों को नोटिस जारी किए गए हैं उनके प्रकरणों का निस्तारण न्यूनतम आवश्यक दस्तावेजों के आधार पर नियमानुसार किया जाए। किसी व्यक्ति से अनावश्यक अथवा अतिरिक्त दस्तावेज न मांगे जाएं। संबंधित अधिकारी यह सुनिश्चित करें कि उपलब्ध कराए गए दस्तावेजों का विधिवत परीक्षण एवं सत्यापन करने के उपरांत ही आवश्यक कार्रवाई की जाए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि केवल सुविधा के नाम पर किसी भी प्रक्रिया अथवा नियम से समझौता न किया जाए। प्रत्येक दस्तावेज एवं प्रकरण का निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार सत्यापन किया जाए तथा सत्यापन के बाद ही आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि जनसुविधा और निर्वाचन प्रक्रिया की शुचिता दोनों का संतुलन बनाए रखना आवश्यक है। उन्होंने सभी निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों एवं बूथ लेवल अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में आमजन को विशेष गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया के संबंध में आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराएं तथा लोगों की शंकाओं एवं समस्याओं का नियमानुसार समाधान करें। उन्होंने कहा कि किसी भी पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में दर्ज होने से वंचित न रहे और अपात्र नामों अथवा त्रुटिपूर्ण प्रविष्टियों के संबंध में निर्धारित नियमों के अनुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि निर्वाचन प्रक्रिया लोकतंत्र की आधारभूत व्यवस्था है इसलिए मतदाता सूची के पुनरीक्षण कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता एवं जिम्मेदारी के साथ संपादित किया जाए।
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प्रदीप कुमार
रुद्रप्रयाग/श्रीनगर गढ़वाल। जनपद में भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशों के क्रम में विशेष गहन पुनरीक्षण एसआईआर 2026 का कार्य तेजी से संचालित किया जा रहा है। जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी विशाल मिश्रा द्वारा पुनरीक्षण कार्य की निरंतर समीक्षा की जा रही है। इस क्रम में समय-समय पर निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों बूथ लेवल अधिकारियों सहित संबंधित अधिकारियों एवं कार्मिकों के साथ बैठक कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जा रहे हैं। जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि विशेष गहन पुनरीक्षण का उद्देश्य मतदाता सूची को अधिक शुद्ध अद्यतन एवं त्रुटिरहित बनाना है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि पुनरीक्षण कार्य के दौरान निष्पक्षता पारदर्शिता एवं निर्धारित नियमों का पूर्ण अनुपालन सुनिश्चित किया जाए तथा प्रत्येक प्रकरण का परीक्षण पूरी सावधानी एवं गंभीरता के साथ किया जाए ताकि मतदाता सूची में किसी प्रकार की त्रुटि की संभावना न रहे। उन्होंने कहा कि जनपद रुद्रप्रयाग का अधिकांश भूभाग पर्वतीय एवं दूरस्थ क्षेत्रों में है तथा वर्तमान में मानसून का मौसम भी चल रहा है। ऐसे में अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि जिन मामलों में मतदाता के नाम पते अथवा अन्य विवरण में माइनर करेक्शन किया जाना है और नागरिक दूरस्थ क्षेत्रों में रहते हैं उनकी सुविधा को ध्यान में रखते हुए ऐसे मामलों में जहां नियमों के तहत ऑनलाइन माध्यम से दस्तावेज प्राप्त करना संभव हो वहां व्हाट्सऐप अथवा अन्य उपलब्ध ऑनलाइन माध्यमों से आवश्यक दस्तावेज प्राप्त किए जा सकते हैं। हालांकि ऑनलाइन माध्यम से प्राप्त दस्तावेजों का संबंधित स्तर पर विधिवत सत्यापन किया जाना अनिवार्य होगा। दस्तावेजों की पूर्ण एवं संतोषजनक जांच के उपरांत ही उन्हें संबंधित प्रक्रिया में अपलोड किया जाए। जिलाधिकारी ने यह भी निर्देश दिए कि जिन व्यक्तियों को नोटिस जारी किए गए हैं उनके प्रकरणों का निस्तारण न्यूनतम आवश्यक दस्तावेजों के आधार पर नियमानुसार किया जाए। किसी व्यक्ति से अनावश्यक अथवा अतिरिक्त दस्तावेज न मांगे जाएं। संबंधित अधिकारी यह सुनिश्चित करें कि उपलब्ध कराए गए दस्तावेजों का विधिवत परीक्षण एवं सत्यापन करने के उपरांत ही आवश्यक कार्रवाई की जाए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि केवल सुविधा के नाम पर किसी भी प्रक्रिया अथवा नियम से समझौता न किया जाए। प्रत्येक दस्तावेज एवं प्रकरण का निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार सत्यापन किया जाए तथा सत्यापन के बाद ही आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि जनसुविधा और निर्वाचन प्रक्रिया की शुचिता दोनों का संतुलन बनाए रखना आवश्यक है। उन्होंने सभी निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों एवं बूथ लेवल अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में आमजन को विशेष गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया के संबंध में आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराएं तथा लोगों की शंकाओं एवं समस्याओं का नियमानुसार समाधान करें। उन्होंने कहा कि किसी भी पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में दर्ज होने से वंचित न रहे और अपात्र नामों अथवा त्रुटिपूर्ण प्रविष्टियों के संबंध में निर्धारित नियमों के अनुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि निर्वाचन प्रक्रिया लोकतंत्र की आधारभूत व्यवस्था है इसलिए मतदाता सूची के पुनरीक्षण कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता एवं जिम्मेदारी के साथ संपादित किया जाए।