प्रदीप कुमार
ऋषिकेश-देहरादून/श्रीनगर गढ़वाल। जिलाधिकारी के निर्देशों के क्रम में शुक्रवार को जिला प्रोबेशन अधिकारी के नेतृत्व में श्री भरत मंदिर इंटर कॉलेज गंगा नगर ऋषिकेश में बच्चों की सुरक्षा हेतु चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में ऋषिकेश चाइल्ड हेल्पलाइन टीम तथा जिला बाल संरक्षण इकाई की टीम के सदस्यों ने विद्यालय में उपस्थित बच्चों और अध्यापकों को महिला एवं बाल सुरक्षा से संबंधित विभिन्न महत्वपूर्ण जानकारियां दीं। चाइल्ड हेल्पलाइन टीम ने बच्चों और अध्यापकों को 1098 के बारे में विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि यह आपातकालीन निशुल्क फोन सेवा है जो मुसीबत में फंसे बच्चों की मदद के लिए 24 घंटे और सातों दिन उपलब्ध रहती है। टीम ने अनाथ गरीब और बेसहारा बच्चों खोए-पाए बच्चों भिक्षावृत्ति एवं बाल श्रम में लगे बच्चों बाल विवाह की रोकथाम तथा बच्चों को शिक्षित करने से संबंधित विषयों पर भी जानकारी दी। कार्यक्रम के दौरान बच्चों को गुड टच और बैड टच पॉक्सो तथा साइबर अपराध के बारे में भी जागरूक किया गया। साथ ही सभी बच्चों और अध्यापकों को बाल कल्याण समिति के कार्यों एवं भूमिका के बारे में जानकारी दी गई। टीम ने महिलाओं और बच्चों के लिए कार्यरत संस्थाओं के संबंध में भी अवगत कराया। जागरूकता कार्यक्रम में बताया गया कि महिलाओं से संबंधित किसी भी समस्या के लिए 181 पर कॉल किया जा सकता है। बच्चों से संबंधित किसी भी समस्या की स्थिति में 1098 या 112 पर संपर्क किया जा सकता है। इसके अलावा जरूरत पड़ने पर नजदीकी चाइल्ड हेल्पलाइन कार्यालय में भी पहुंचकर सहायता ली जा सकती है। कार्यक्रम में कुल 900 बच्चे और 18 अध्यापक उपस्थित रहे। कैंप में सुपरवाइजर मीना खरोला और रंजना उनियाल केस वर्कर अनिल बिष्ट जिला बाल संरक्षण इकाई की सदस्य सम्पूर्णा भट्ट और कविता पांडे रेलवे चाइल्ड हेल्पलाइन टीम की सदस्य सविता गोगिया भिक्षावृत्ति टीम के कोऑर्डिनेटर राहुल सती तथा मिनाक्षी नाथ मौजूद रहे। जागरूकता कार्यक्रम के बाद कैंप का समापन किया गया। कैंप के बाद टीम ने तपोवन क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए कूड़ा बीनते हुए तीन बच्चों को रेस्क्यू किया। जानकारी के अनुसार ये बच्चे नटराज चौक के रहने वाले हैं। रेस्क्यू किए गए बच्चों के संबंध में तपोवन चौकी में जीडी कराई गई। इसके बाद बच्चों को मेडिकल जांच के लिए ले जाया जा रहा है।
