प्रदीप कुमार
देहरादून/श्रीनगर गढ़वाल। रायपुर स्थित महाराणा प्रताप स्पोर्ट्स कॉलेज में सांसद राज्यसभा डॉ.नरेश बंसल के तत्वावधान में खेल शिक्षा एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा आयोजित सांसद चैंपियनशिप ट्रॉफी का शुभारंभ किया गया। प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की प्रतिभाओं को पहचानने और उन्हें मंच प्रदान करने के लिए प्रत्येक वर्ष आयोजित होने वाली सांसद चैंपियनशिप ट्रॉफी खेल प्रतियोगिता के मुकाबले शनिवार से शुरू हुए। सांसद डॉ.नरेश बंसल ने प्रतियोगिता का उद्घाटन किया। इस अवसर पर सांसद नरेश बंसल ने सांसद चैंपियनशिप ट्रॉफी का ध्वज फहराया और तिरंगे गुब्बारे हवा में उड़ाए। उन्होंने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त किया और क्लैप बजाकर रेस की शुरुआत कराई। इसके साथ ही उन्होंने खिलाड़ियों के साथ कबड्डी भी खेली। सांसद चैंपियनशिप ट्रॉफी में चकराता विकासनगर सहसपुर कैंट मसूरी राजपुर एवं रायपुर समेत सात विधानसभा क्षेत्रों के विधानसभा स्तर पर विजयी खिलाड़ियों ने विभिन्न खेलों में हिस्सा लिया। प्रतियोगिता में अंडर-14 और अंडर-19 आयु वर्ग के बालक और बालिकाओं ने प्रतिभाग किया। प्रतियोगिता के दौरान कबड्डी वालीबाल एथलेटिक्स खो-खो पिट्टू और मुर्गा झपट खेल आयोजित किए गए जिनमें सात विधानसभा क्षेत्रों से 1372 खिलाड़ियों ने विभिन्न खेलों में हिस्सा लिया। अंडर-14 और अंडर-19 वर्ग में भाग लेने वाले बालक और बालिका खिलाड़ियों में खासा उत्साह देखने को मिला। सांसद नरेश बंसल के तत्वावधान में आयोजित सांसद चैंपियनशिप ट्रॉफी में कुछ खेलों में सीधी प्रतियोगिता भी शुरू हुई। फुटबाल बैडमिंटन मल्लखंब गोलीकंचा और रस्साकशी में सीधी प्रतियोगिता हुई जिसमें कुल 500 खिलाड़ियों ने भाग लिया। सांसद डॉ.नरेश बंसल ने कुछ खेलों के विजेता खिलाड़ियों को मेडल प्रदान किए। उन्होंने कहा कि यह आयोजन युवा खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों की उत्साहजनक भागीदारी से जमीनी स्तर पर बढ़ती खेल संस्कृति को दर्शाता है। भारत की प्राचीन ज्ञान परंपरा ने हमेशा मन और शरीर के तालमेल को महत्व दिया है। उन्होंने खेलों को केवल प्रतिस्पर्धी गतिविधि के बजाय चरित्र निर्माण का साधन बताया जो अनुशासन दृढ़ता समूह भावना और नियमों के सम्मान जैसे मूल्यों को विकसित करते हैं। उनके अनुसार ये गुण व्यक्तिगत विकास और राष्ट्र निर्माण के लिए आवश्यक हैं। उन्होंने कहा कि संसद खेल महोत्सव जैसे आयोजन जमीनी स्तर पर इन मूल्यों को पोषित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। डॉ.नरेश बंसल ने पिछले 12 वर्षों में भारत के खेल तंत्र में आए संरचनात्मक बदलाव का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में खेलो इंडिया फिट इंडिया मूवमेंट और स्वदेशी खेलों को समर्थन दिए जाने जैसी पहल राष्ट्र के विकास के समग्र दृष्टिकोण को दर्शाती हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में प्रदेश में खेलों का समग्र विकास हो रहा है। युवाओं में नशीली दवाओं के दुरुपयोग की चुनौती का उल्लेख करते हुए डॉ.बंसल ने कहा कि खेल नशामुक्त भारत के निर्माण के प्रभावी उपायों में से एक हैं। उन्होंने युवाओं से नशीली दवाओं को ना कहने और खेलों को हां कहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि स्वस्थ और सक्रिय युवा ही मजबूत राष्ट्र का आधार हैं। इस दौरान सांसद बंसल ने खिलाड़ियों को शपथ भी दिलाई। डॉ.नरेश बंसल ने बच्चों और युवाओं को खेलों में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करने को लेकर अभिभावकों और शिक्षकों का आह्वान किया। उन्होंने चरित्र निर्माण और मानसिक स्वास्थ्य के महत्व का उल्लेख करते हुए ऐसी संतुलित शिक्षा प्रणाली की आवश्यकता बताई जिसमें शिक्षा और खेल दोनों को समान महत्व दिया जाए। उन्होंने कहा कि सांसद चैंपियनशिप ट्रॉफी जैसे आयोजन छिपी हुई खेल प्रतिभाओं को मंच प्रदान करते हैं। खेल युवाओं के समग्र विकास का मजबूत माध्यम हैं। खेल महाकुंभ के जरिए ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों की प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का मंच मिल रहा है। उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता में अच्छा प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ी मुख्यमंत्री चैंपियनशिप ट्रॉफी में हिस्सा लेंगे। डॉ.नरेश बंसल ने कहा कि खेलों में हार-जीत से अधिक खेल भावना महत्वपूर्ण होती है। उन्होंने खिलाड़ियों को सफलता के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि जब स्वयं को कमजोर महसूस करें तब मजबूत बनने का प्रयास करें। जब डर सताए तब बहादुर बनें और विजय प्राप्त होने पर विनम्र रहें। उन्होंने कहा कि खेल में हमेशा जीत महत्वपूर्ण नहीं होती बल्कि निरंतर प्रयास जरूरी होते हैं। आज देश में खेल जगत में नई ऊर्जा और नए आयाम लाने के जो प्रयास हुए हैं उनके माध्यम से गांव और कस्बों के खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखा रहे हैं। इस अवसर पर विधायक कैंट सविता कपूर युवा भाजपा नेता सिद्धार्थ बंसल जिला क्रीड़ा अधिकारी शिवानी गुरूंग युवा कल्याण अधिकारी प्रमोद पाण्डे सहित संबंधित अधिकारी कोच और खिलाड़ी उपस्थित रहे।
