प्रदीप कुमार
रुद्रप्रयाग/श्रीनगर गढ़वाल। केदारनाथ धाम यात्रा को सुरक्षित सुगम और व्यवस्थित बनाए रखने के लिए केदारनाथ पैदल मार्ग पर पुलिस एवं जिला प्रशासन की संयुक्त टीमों द्वारा घोड़ा-खच्चर संचालकों और हॉकरों की लगातार सघन चेकिंग की जा रही है। चेकिंग के दौरान घोड़ा-खच्चर संचालकों के पहचान पत्र और लाइसेंस की जांच की जा रही है। साथ ही यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि संचालक अपने निर्धारित मार्ग और लाइसेंस की निर्धारित श्रेणी के अनुरूप ही घोड़ा-खच्चरों का संचालन करें। यात्रियों की ढुलाई और माल एवं सामग्री की ढुलाई के लिए निर्धारित अलग-अलग लाइसेंस व्यवस्था का भी कड़ाई से अनुपालन कराया जा रहा है। माल ढुलाई के लिए जारी लाइसेंस के आधार पर यात्रियों को घोड़ा-खच्चरों पर बैठाकर ले जाना नियमों का उल्लंघन है। चेकिंग के दौरान इस प्रकार का नियम उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित संचालकों के विरुद्ध उत्तराखंड पुलिस अधिनियम के तहत चालानी कार्रवाई की जा रही है। इसके साथ ही घोड़ा-खच्चरों के माध्यम से यात्रा कर रहे श्रद्धालुओं से संचालकों के व्यवहार और सेवाओं के संबंध में फीडबैक भी लिया जा रहा है ताकि यात्रा मार्ग पर श्रद्धालुओं को बेहतर और सुरक्षित सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें। श्रद्धालुओं से अभद्र व्यवहार अथवा नियमों का उल्लंघन करने वाले संचालकों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। रुद्रप्रयाग पुलिस और जिला प्रशासन की संयुक्त टीमें केदारनाथ धाम पैदल मार्ग पर लगातार निगरानी और चेकिंग कर रही हैं। श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुविधा और सुगम यात्रा सुनिश्चित करना पुलिस एवं प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
