गढ़वाल विवि का सामुदायिक आउटरीच कार्यक्रम छात्राओं ने नुक्कड़ नाटक से पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश
प्रदीप कुमार
श्रीनगर गढ़वाल।आज दिनांक 13 सितंबर को हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय के सुरक्षा,सामरिक एवं भू-राजनीतिक अध्ययन विभाग द्वारा प्रोजेक्ट द रिवर गंगा:इकोलॉजी,गवर्नेंस एंड सिक्योरिटी परियोजना के अंतर्गत एक सामुदायिक आउटरीच कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम डाॅ.बिनेश भाटिया के मार्गदर्शन में प्रस्तुत किया गया।इस कार्यक्रम के तहत गंगा माँ की पुकार विषय पर एक नुक्कड़ नाटक का सफल मंचन PM SHREE गर्ल्स इंटर कॉलेज,श्रीनगर गढ़वाल में किया गया। विद्यालय की प्रधानाचार्या ने विश्वविद्यालय की टीम का उत्साहपूर्वक स्वागत किया।कार्यक्रम में विद्यालय की सभी छात्राएँ,शिक्षण एवं गैर-शिक्षण स्टाफ बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। डॉ.भाटिया ने कहा कि इस विचारोत्तेजक नाटक ने पर्यावरण के लिए हानिकारक मुद्दों,विशेष रूप से जलवायु परिवर्तन और पवित्र नदी गंगा पर ज़ोर दिया और इसका गहरा प्रभाव पड़ा।उन्होंने स्कूल के छात्रों को सकारात्मक विचारों के साथ समुदाय में इस विषय पर अधिक जागरूकता पैदा करने के लिए भी प्रेरित किया। नुक्कड़ नाटक की प्रस्तुति 10 छात्रों की टीम ने दी,जो लंबे समय से इस प्रस्तुति की तैयारी में जुटे हुए थे। बच्चों ने पूरे जोश और समर्पण के साथ गंगा नदी से जुड़े पारिस्थितिकी,सुशासन एवं सुरक्षा के महत्व को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया।विभागाध्यक्ष प्रो.भारती चैहान ने नुक्कड टीम एवं सभी आयोजकों को बधाई दी।
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गढ़वाल विवि का सामुदायिक आउटरीच कार्यक्रम छात्राओं ने नुक्कड़ नाटक से पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश
प्रदीप कुमार
श्रीनगर गढ़वाल।आज दिनांक 13 सितंबर को हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय के सुरक्षा,सामरिक एवं भू-राजनीतिक अध्ययन विभाग द्वारा प्रोजेक्ट द रिवर गंगा:इकोलॉजी,गवर्नेंस एंड सिक्योरिटी परियोजना के अंतर्गत एक सामुदायिक आउटरीच कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम डाॅ.बिनेश भाटिया के मार्गदर्शन में प्रस्तुत किया गया।इस कार्यक्रम के तहत गंगा माँ की पुकार विषय पर एक नुक्कड़ नाटक का सफल मंचन PM SHREE गर्ल्स इंटर कॉलेज,श्रीनगर गढ़वाल में किया गया। विद्यालय की प्रधानाचार्या ने विश्वविद्यालय की टीम का उत्साहपूर्वक स्वागत किया।कार्यक्रम में विद्यालय की सभी छात्राएँ,शिक्षण एवं गैर-शिक्षण स्टाफ बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। डॉ.भाटिया ने कहा कि इस विचारोत्तेजक नाटक ने पर्यावरण के लिए हानिकारक मुद्दों,विशेष रूप से जलवायु परिवर्तन और पवित्र नदी गंगा पर ज़ोर दिया और इसका गहरा प्रभाव पड़ा।उन्होंने स्कूल के छात्रों को सकारात्मक विचारों के साथ समुदाय में इस विषय पर अधिक जागरूकता पैदा करने के लिए भी प्रेरित किया। नुक्कड़ नाटक की प्रस्तुति 10 छात्रों की टीम ने दी,जो लंबे समय से इस प्रस्तुति की तैयारी में जुटे हुए थे। बच्चों ने पूरे जोश और समर्पण के साथ गंगा नदी से जुड़े पारिस्थितिकी,सुशासन एवं सुरक्षा के महत्व को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया।विभागाध्यक्ष प्रो.भारती चैहान ने नुक्कड टीम एवं सभी आयोजकों को बधाई दी।