गुलदार भालू और अन्य जंगली जानवरों की बढ़ती गतिविधियों पर प्रशासन सतर्क वन विभाग ने गांवों में बैठकें और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए
प्रदीप कुमार
रूद्रप्रयाग/श्रीनगर गढ़वाल।जनपद के विभिन्न क्षेत्रों में वन्यजीवों की सक्रियता बढ़ने की घटनाओं को देखते हुए वन विभाग ने आज कई स्थानों पर निरीक्षण,बैठकें व जागरूकता कार्यक्रम संचालित किए। विभाग की टीमों ने ग्रामीण क्षेत्रों में पहुंचकर न केवल समस्याओं का संज्ञान लिया बल्कि सुरक्षा उपायों के प्रति लोगों को जागरूक भी किया। भटवाड़ी सुनार में बंदरों के उत्पात पर बैठक अखोड़ी बीट,अगस्त्यमुनि रेंज के अंतर्गत ग्राम भटवाड़ी सुनार में बंदरों की बढ़ती संख्या व उत्पात को लेकर बैठक आयोजित की गई। ग्राम प्रधान,महिला मंगल दल अध्यक्ष व स्थानीय ग्रामीणों ने गांव में बंदरों को पकड़ने के लिए पिंजरा लगाने की मांग उठाई। वन विभाग ने ग्रामीणों से कचरा निस्तारण के बेहतर प्रबंधन पर जोर देते हुए कहा कि बंदरों के बांध्यकरण के लिए टीम आने पर पिंजरा लगाने की प्रक्रिया सुनिश्चित की जाएगी। कोटेश्वर व बेला वार्ड नंबर 3 में भालू की सूचना पर गश्त अगस्त्यमुनि बीट टीम ने कोटेश्वर मंदिर क्षेत्र व बेला वार्ड-3 में भालू के देखे जाने की शिकायत पर तुरंत मौके पर पहुंचकर क्षेत्र में गश्त बढ़ाई। विभाग ने स्थानीय नागरिकों को वन्यजीवों से बचाव और सावधानी बरतने के उपायों की जानकारी दी। इंटर कॉलेज गहड़खाल में जागरूकता कार्यक्रम राजकीय इंटर कॉलेज गहड़खाल में वन विभाग द्वारा मानव–वन्यजीव संघर्ष रोकथाम/न्यूनीकरण गोष्ठी आयोजित की गई। कार्यक्रम में छात्र–छात्राओं को वन्यजीवों के प्रति सतर्कता,वन्यजीव संरक्षण एवं आपात स्थिति में अपनाए जाने वाले उपायों की जानकारी दी गई।पंचभैयाखाल में गोष्ठी और जनसंपर्क नरकोटा बीट,खाकरा रेंज की टीम ने रा.प्रा.वि.पंचभैयाखाल में जागरूकता गोष्ठी आयोजित कर बच्चों को समूह में स्कूल आने-जाने की सलाह दी।इसके उपरांत टीम ने ग्राम प्रधान के साथ गांव में जनसंपर्क कर ग्रामीणों को मानव–वन्यजीव संघर्ष रोकथाम संबंधी दिशा-निर्देशों से अवगत कराया।वन विभाग ने कहा कि किसी भी वन्यजीव के दिखने पर तुरंत सूचना दें,कचरा खुले में न फेंके तथा सुरक्षा निर्देशों का पालन कर मानव व वन्यजीव संघर्ष न्यूनीकरण एवं सुरक्षा में सहयोग करें।
