प्रदीप कुमार
पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। पौड़ी में जेल गदेरा के पास दो पक्षों के बीच किसी बात को लेकर विवाद के दौरान मारपीट की घटना प्रकाश में आई। वादी की तहरीर के आधार पर कोतवाली पौड़ी में मामला पंजीकृत किया गया। पुलिस ने तुरंत घटनास्थल का दौरा कर गहन जांच शुरू की और मारपीट में शामिल आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया। घटनास्थल पर पुलिस टीम ने साक्ष्यों के आधार पर चार आरोपियों को हिरासत में लिया। गिरफ्तार अभियुक्तों में अब्दुल राऊफ (61 वर्ष) पुत्र शफीक अहमद मुज्जमिल (51 वर्ष) पुत्र शफीक अहमद मौ.जायद (18 वर्ष) पुत्र मुज्जमिल और मौ.आकिफ (23 वर्ष) पुत्र अब्दुल राऊफ शामिल हैं। सभी आरोपियों के खिलाफ आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है और उन्हें न्यायालय में पेश किया जाएगा। पुलिस ने क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए लगातार निगरानी बढ़ा दी है। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि मामले की गहन जांच जारी है और किसी भी प्रकार की कानून व्यवस्था को प्रभावित नहीं होने दिया जाएगा। पुलिस ने आमजन से अपील की है कि विवाद की स्थिति में कानून को अपने हाथ में न लें और तुरंत पुलिस को सूचित करें। साथ ही अफवाहों पर ध्यान न दें और यात्रियों स्थानीय नागरिकों एवं श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करें।
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प्रदीप कुमार
पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। पौड़ी में जेल गदेरा के पास दो पक्षों के बीच किसी बात को लेकर विवाद के दौरान मारपीट की घटना प्रकाश में आई। वादी की तहरीर के आधार पर कोतवाली पौड़ी में मामला पंजीकृत किया गया। पुलिस ने तुरंत घटनास्थल का दौरा कर गहन जांच शुरू की और मारपीट में शामिल आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया। घटनास्थल पर पुलिस टीम ने साक्ष्यों के आधार पर चार आरोपियों को हिरासत में लिया। गिरफ्तार अभियुक्तों में अब्दुल राऊफ (61 वर्ष) पुत्र शफीक अहमद मुज्जमिल (51 वर्ष) पुत्र शफीक अहमद मौ.जायद (18 वर्ष) पुत्र मुज्जमिल और मौ.आकिफ (23 वर्ष) पुत्र अब्दुल राऊफ शामिल हैं। सभी आरोपियों के खिलाफ आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है और उन्हें न्यायालय में पेश किया जाएगा। पुलिस ने क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए लगातार निगरानी बढ़ा दी है। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि मामले की गहन जांच जारी है और किसी भी प्रकार की कानून व्यवस्था को प्रभावित नहीं होने दिया जाएगा। पुलिस ने आमजन से अपील की है कि विवाद की स्थिति में कानून को अपने हाथ में न लें और तुरंत पुलिस को सूचित करें। साथ ही अफवाहों पर ध्यान न दें और यात्रियों स्थानीय नागरिकों एवं श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करें।