प्रदीप कुमार
श्रीनगर गढ़वाल। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की घोषणा के बाद श्रीनगर को सोलर सिटी के रूप में विकसित करने की दिशा में अब तेजी से काम शुरू हो गया है। नगर निगम श्रीनगर गढ़वाल की मेयर आरती भंडारी ने मुख्यमंत्री के सचिव शैलेश बगोली से मुलाकात कर सोलर सिटी परियोजना को जल्द धरातल पर उतारने का अनुरोध किया। मेयर आरती भंडारी ने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बैकुंठ चतुर्दशी मेले के उद्घाटन अवसर पर श्रीनगर को सोलर सिटी बनाने की घोषणा की थी। इसी घोषणा को साकार करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। मुलाकात के दौरान सचिव शैलेश बगोली ने शहरी विकास विभाग और ऊर्जा विभाग के अधिकारियों को परियोजना के क्रियान्वयन के लिए त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इससे नगरवासियों में उम्मीद जगी है कि जल्द ही श्रीनगर प्रदेश के प्रमुख सोलर शहरों में अपनी अलग पहचान बनाएगा। इससे पहले नगर निगम सभागार में आयोजित एक बैठक में श्रीनगर को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर और पर्यावरण के अनुकूल शहर बनाने को लेकर विस्तृत चर्चा की गई थी। बैठक में सोलर स्ट्रीट लाइट सरकारी भवनों पर सोलर पैनल लगाने विद्यालयों और अस्पतालों में सौर ऊर्जा के उपयोग समेत कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विचार-विमर्श किया गया। मेयर आरती भंडारी ने कहा कि सोलर तकनीक के उपयोग से बिजली की बचत होने के साथ कार्बन उत्सर्जन में भी कमी आएगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की दूरदर्शी सोच के अनुरूप श्रीनगर को सोलर सिटी के रूप में विकसित करना एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि सोलर सिटी बनने से श्रीनगर ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनेगा और पर्यावरण संरक्षण आर्थिक बचत तथा स्वच्छ भविष्य की दिशा में नई पहचान स्थापित करेगा। नगर निगम सभी विभागों और नागरिकों के सहयोग से इस लक्ष्य को जल्द पूरा करने का प्रयास करेगा। मेयर ने विश्वास जताया कि आने वाले समय में श्रीनगर प्रदेश के प्रमुख सोलर शहरों में शामिल होकर अन्य नगरों के लिए भी प्रेरणा बनेगा।
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प्रदीप कुमार
श्रीनगर गढ़वाल। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की घोषणा के बाद श्रीनगर को सोलर सिटी के रूप में विकसित करने की दिशा में अब तेजी से काम शुरू हो गया है। नगर निगम श्रीनगर गढ़वाल की मेयर आरती भंडारी ने मुख्यमंत्री के सचिव शैलेश बगोली से मुलाकात कर सोलर सिटी परियोजना को जल्द धरातल पर उतारने का अनुरोध किया। मेयर आरती भंडारी ने बताया कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बैकुंठ चतुर्दशी मेले के उद्घाटन अवसर पर श्रीनगर को सोलर सिटी बनाने की घोषणा की थी। इसी घोषणा को साकार करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। मुलाकात के दौरान सचिव शैलेश बगोली ने शहरी विकास विभाग और ऊर्जा विभाग के अधिकारियों को परियोजना के क्रियान्वयन के लिए त्वरित कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इससे नगरवासियों में उम्मीद जगी है कि जल्द ही श्रीनगर प्रदेश के प्रमुख सोलर शहरों में अपनी अलग पहचान बनाएगा। इससे पहले नगर निगम सभागार में आयोजित एक बैठक में श्रीनगर को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर और पर्यावरण के अनुकूल शहर बनाने को लेकर विस्तृत चर्चा की गई थी। बैठक में सोलर स्ट्रीट लाइट सरकारी भवनों पर सोलर पैनल लगाने विद्यालयों और अस्पतालों में सौर ऊर्जा के उपयोग समेत कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर विचार-विमर्श किया गया। मेयर आरती भंडारी ने कहा कि सोलर तकनीक के उपयोग से बिजली की बचत होने के साथ कार्बन उत्सर्जन में भी कमी आएगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की दूरदर्शी सोच के अनुरूप श्रीनगर को सोलर सिटी के रूप में विकसित करना एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि सोलर सिटी बनने से श्रीनगर ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनेगा और पर्यावरण संरक्षण आर्थिक बचत तथा स्वच्छ भविष्य की दिशा में नई पहचान स्थापित करेगा। नगर निगम सभी विभागों और नागरिकों के सहयोग से इस लक्ष्य को जल्द पूरा करने का प्रयास करेगा। मेयर ने विश्वास जताया कि आने वाले समय में श्रीनगर प्रदेश के प्रमुख सोलर शहरों में शामिल होकर अन्य नगरों के लिए भी प्रेरणा बनेगा।