प्रदीप कुमार
टिहरी/श्रीनगर गढ़वाल। थाना लंबगांव क्षेत्र में युवक की हत्या के मामले में दर्ज मुकदमे की विवेचना निष्पक्ष पारदर्शी एवं वैज्ञानिक तरीके से की जा रही है। प्रकरण की गंभीरता और संवेदनशीलता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक टिहरी गढ़वाल श्वेता चौबे ने मामले का संज्ञान लेते हुए विवेचना क्षेत्राधिकारी स्तर के अधिकारी को सौंपी है। साथ ही जांच को प्रभावी निष्पक्ष और विधिसम्मत ढंग से संपादित करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। विवेचना के दौरान संकलित साक्ष्यों तकनीकी तथ्यों और पूछताछ के आधार पर नामजद दोनों आरोपियों की संलिप्तता पाए जाने पर उन्हें विधिक प्रक्रिया के तहत गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक द्वारा प्रकरण की लगातार निगरानी और पर्यवेक्षण किया जा रहा है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए 10 जून 2026 को विशेषज्ञ फोरेंसिक टीम द्वारा घटनास्थल का सूक्ष्म निरीक्षण किया गया तथा आवश्यक वैज्ञानिक साक्ष्य संकलित किए गए हैं जिससे विवेचना को और अधिक तथ्यपरक एवं सुदृढ़ बनाया जा सके। टिहरी पुलिस ने स्पष्ट किया है कि विवेचना के दौरान जो भी तथ्य एवं साक्ष्य सामने आएंगे उनके आधार पर निष्पक्ष और आवश्यक वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। जनपद पुलिस ने आमजन से अपील की है कि मामले से संबंधित किसी भी प्रकार की अपुष्ट भ्रामक अथवा तथ्यहीन सूचनाओं का सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से प्रसार न करें तथा केवल आधिकारिक स्रोतों से प्राप्त जानकारी पर ही विश्वास करें। टिहरी पुलिस कानून व्यवस्था बनाए रखने एवं निष्पक्ष न्याय सुनिश्चित करने के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है।
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प्रदीप कुमार
टिहरी/श्रीनगर गढ़वाल। थाना लंबगांव क्षेत्र में युवक की हत्या के मामले में दर्ज मुकदमे की विवेचना निष्पक्ष पारदर्शी एवं वैज्ञानिक तरीके से की जा रही है। प्रकरण की गंभीरता और संवेदनशीलता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक टिहरी गढ़वाल श्वेता चौबे ने मामले का संज्ञान लेते हुए विवेचना क्षेत्राधिकारी स्तर के अधिकारी को सौंपी है। साथ ही जांच को प्रभावी निष्पक्ष और विधिसम्मत ढंग से संपादित करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। विवेचना के दौरान संकलित साक्ष्यों तकनीकी तथ्यों और पूछताछ के आधार पर नामजद दोनों आरोपियों की संलिप्तता पाए जाने पर उन्हें विधिक प्रक्रिया के तहत गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया जहां से उन्हें न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक द्वारा प्रकरण की लगातार निगरानी और पर्यवेक्षण किया जा रहा है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए 10 जून 2026 को विशेषज्ञ फोरेंसिक टीम द्वारा घटनास्थल का सूक्ष्म निरीक्षण किया गया तथा आवश्यक वैज्ञानिक साक्ष्य संकलित किए गए हैं जिससे विवेचना को और अधिक तथ्यपरक एवं सुदृढ़ बनाया जा सके। टिहरी पुलिस ने स्पष्ट किया है कि विवेचना के दौरान जो भी तथ्य एवं साक्ष्य सामने आएंगे उनके आधार पर निष्पक्ष और आवश्यक वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। जनपद पुलिस ने आमजन से अपील की है कि मामले से संबंधित किसी भी प्रकार की अपुष्ट भ्रामक अथवा तथ्यहीन सूचनाओं का सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से प्रसार न करें तथा केवल आधिकारिक स्रोतों से प्राप्त जानकारी पर ही विश्वास करें। टिहरी पुलिस कानून व्यवस्था बनाए रखने एवं निष्पक्ष न्याय सुनिश्चित करने के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है।