प्रदीप कुमार
पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। जनपद के सुदूरवर्ती एवं दुर्गम क्षेत्र मुस्याखांद में आयोजित जन चौपाल प्रशासन और ग्रामीणों के बीच सीधे संवाद का प्रभावी मंच बनी। जिलाधिकारी स्वाति एस.भदौरिया के क्षेत्र में पहुंचने से ग्रामीणों में उत्साह और नई उम्मीद का माहौल दिखाई दिया। राजकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय मुस्याखांद में आयोजित चौपाल में ग्रामीणों ने क्षेत्र की समस्याओं विकास कार्यों और जनसुविधाओं से जुड़े मुद्दों को खुलकर रखा जिस पर जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए तथा कई महत्वपूर्ण मांगों पर मौके पर ही सकारात्मक निर्णय लिए। चौपाल में ग्रामीणों ने क्षेत्र में स्टेडियम निर्माण की मांग उठाई जिस पर जिलाधिकारी ने खंड विकास अधिकारी और युवा कल्याण अधिकारी को समन्वय स्थापित कर स्टेडियम निर्माण का आगणन तैयार कर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। उन्होंने धुमाकोट-पीपली मोटर मार्ग को जिला योजना में शामिल करने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने तथा मार्ग से संबंधित लंबित मामलों का निस्तारण करने को कहा। साथ ही खाल्यूंडांडा-ढंगलगांव मोटर मार्ग पर सुरक्षा व्यवस्थाएं मजबूत करने और खाल्यूंडांडा से तोल्यूंडांडा तक सड़क सुधार संबंधी प्रस्तावों पर शीघ्र स्थलीय निरीक्षण कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए। वन्यजीवों की बढ़ती गतिविधियों को देखते हुए जिलाधिकारी ने वन विभाग को तत्काल सुरक्षा उपाय सुनिश्चित करने तथा अगले ही दिन पिंजरा लगाने के निर्देश दिए। पेयजल समस्याओं पर चर्चा के दौरान उन्होंने ढंगलगांव में जिला योजना के अंतर्गत निर्माणाधीन पेयजल टैंक का कार्य 10 जुलाई तक पूर्ण करने के निर्देश दिए। साथ ही सुखरो क्षेत्र एवं थेवाड़ा-चेवाड़ा पंपिंग योजना से जुड़े गांवों में पेयजल आपूर्ति की स्थिति का स्थलीय परीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा। अधिकारियों ने जानकारी दी कि मुख्यमंत्री घोषणा के अंतर्गत टंडोली पंपिंग योजना पर कार्य प्रगति पर है जिससे क्षेत्र की पेयजल व्यवस्था को मजबूती मिलेगी। ग्रामीणों की मांग पर थेवाड़ा में घेरबाड़ निर्माण को जिला योजना में शामिल करने तथा दण्डधार ग्रामसभा में अमृत सरोवर एवं घेरबाड़ निर्माण के प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश भी दिए गए। स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने मुस्याखांद स्थित एएनएम केंद्र का निरीक्षण किया और केंद्र के नियमित संचालन दवाओं की उपलब्धता तथा स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। धुमाकोट स्वास्थ्य उपकेंद्र में चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार के लिए भी निरीक्षण के बाद आवश्यक कार्रवाई करने की बात कही गई। परिवहन सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए जिलाधिकारी ने उपजिलाधिकारी को देहरादून से संचालित बस सेवा के समय में सुधार तथा मुस्याखांद तक बस सेवा विस्तार के संबंध में परिवहन विभाग और आरटीओ से समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए। गैस एजेंसी से संबंधित समस्याओं के समाधान के लिए क्षेत्र में उप कार्यालय की व्यवस्था करने तथा शिकायतों के निस्तारण के निर्देश भी दिए गए। उन्होंने भौंन क्षेत्र में निष्प्रयोज्य भवनों के संबंध में नियमानुसार कार्रवाई तथा सुखरो क्षेत्र में विद्यालय मार्ग के समीप स्थित शराब की दुकान के संबंध में स्थलीय निरीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। ईडियाकोट तल्ला में पटवारी चौकी स्थापना के प्रस्ताव पर उन्होंने निर्माण संबंधी प्रस्ताव शीघ्र प्रस्तुत करने को कहा ताकि कार्यवाही आगे बढ़ाई जा सके। साथ ही पंचायत भवन आंगनबाड़ी केंद्र प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र एवं आयुर्वेदिक चिकित्सालय भवन निर्माण के प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश भी दिए। चौपाल में एंबुलेंस सुविधा की मांग पर जिलाधिकारी ने कहा कि धुमाकोट से एंबुलेंस पहुंचने में अधिक समय लगने के कारण भौंन क्षेत्र में एंबुलेंस तैनाती की आवश्यकता है। उन्होंने विभागीय एंबुलेंस तैनात करने के लिए उपयुक्त स्थान का चयन कर प्रस्ताव प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। जन चौपाल के बाद जिलाधिकारी ने प्रेरणा स्वयं सहायता समूह का निरीक्षण कर महिलाओं द्वारा संचालित आजीविका गतिविधियों की जानकारी ली। उन्होंने स्थानीय उत्पादों की बेहतर ब्रांडिंग विपणन और आयवृद्धि के लिए विभागीय सहयोग का आश्वासन दिया। इसके बाद उन्होंने पीपली गांव स्थित सेब नर्सरी का निरीक्षण कर बागवानी गतिविधियों का जायजा लिया तथा किसानों की आय बढ़ाने के लिए उद्यान एवं आजीविका आधारित योजनाओं को और प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर ग्राम प्रधान विमला देवी जिला विकास अधिकारी मनविंदर कौर जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी राम सलोने उपजिलाधिकारी श्रेष्ठ गुनसोला खंड विकास अधिकारी प्रमोद चंद्र पांडेय सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
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प्रदीप कुमार
पौड़ी/श्रीनगर गढ़वाल। जनपद के सुदूरवर्ती एवं दुर्गम क्षेत्र मुस्याखांद में आयोजित जन चौपाल प्रशासन और ग्रामीणों के बीच सीधे संवाद का प्रभावी मंच बनी। जिलाधिकारी स्वाति एस.भदौरिया के क्षेत्र में पहुंचने से ग्रामीणों में उत्साह और नई उम्मीद का माहौल दिखाई दिया। राजकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय मुस्याखांद में आयोजित चौपाल में ग्रामीणों ने क्षेत्र की समस्याओं विकास कार्यों और जनसुविधाओं से जुड़े मुद्दों को खुलकर रखा जिस पर जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के निर्देश दिए तथा कई महत्वपूर्ण मांगों पर मौके पर ही सकारात्मक निर्णय लिए। चौपाल में ग्रामीणों ने क्षेत्र में स्टेडियम निर्माण की मांग उठाई जिस पर जिलाधिकारी ने खंड विकास अधिकारी और युवा कल्याण अधिकारी को समन्वय स्थापित कर स्टेडियम निर्माण का आगणन तैयार कर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। उन्होंने धुमाकोट-पीपली मोटर मार्ग को जिला योजना में शामिल करने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने तथा मार्ग से संबंधित लंबित मामलों का निस्तारण करने को कहा। साथ ही खाल्यूंडांडा-ढंगलगांव मोटर मार्ग पर सुरक्षा व्यवस्थाएं मजबूत करने और खाल्यूंडांडा से तोल्यूंडांडा तक सड़क सुधार संबंधी प्रस्तावों पर शीघ्र स्थलीय निरीक्षण कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए। वन्यजीवों की बढ़ती गतिविधियों को देखते हुए जिलाधिकारी ने वन विभाग को तत्काल सुरक्षा उपाय सुनिश्चित करने तथा अगले ही दिन पिंजरा लगाने के निर्देश दिए। पेयजल समस्याओं पर चर्चा के दौरान उन्होंने ढंगलगांव में जिला योजना के अंतर्गत निर्माणाधीन पेयजल टैंक का कार्य 10 जुलाई तक पूर्ण करने के निर्देश दिए। साथ ही सुखरो क्षेत्र एवं थेवाड़ा-चेवाड़ा पंपिंग योजना से जुड़े गांवों में पेयजल आपूर्ति की स्थिति का स्थलीय परीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा। अधिकारियों ने जानकारी दी कि मुख्यमंत्री घोषणा के अंतर्गत टंडोली पंपिंग योजना पर कार्य प्रगति पर है जिससे क्षेत्र की पेयजल व्यवस्था को मजबूती मिलेगी। ग्रामीणों की मांग पर थेवाड़ा में घेरबाड़ निर्माण को जिला योजना में शामिल करने तथा दण्डधार ग्रामसभा में अमृत सरोवर एवं घेरबाड़ निर्माण के प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश भी दिए गए। स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने मुस्याखांद स्थित एएनएम केंद्र का निरीक्षण किया और केंद्र के नियमित संचालन दवाओं की उपलब्धता तथा स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। धुमाकोट स्वास्थ्य उपकेंद्र में चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार के लिए भी निरीक्षण के बाद आवश्यक कार्रवाई करने की बात कही गई। परिवहन सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए जिलाधिकारी ने उपजिलाधिकारी को देहरादून से संचालित बस सेवा के समय में सुधार तथा मुस्याखांद तक बस सेवा विस्तार के संबंध में परिवहन विभाग और आरटीओ से समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए। गैस एजेंसी से संबंधित समस्याओं के समाधान के लिए क्षेत्र में उप कार्यालय की व्यवस्था करने तथा शिकायतों के निस्तारण के निर्देश भी दिए गए। उन्होंने भौंन क्षेत्र में निष्प्रयोज्य भवनों के संबंध में नियमानुसार कार्रवाई तथा सुखरो क्षेत्र में विद्यालय मार्ग के समीप स्थित शराब की दुकान के संबंध में स्थलीय निरीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। ईडियाकोट तल्ला में पटवारी चौकी स्थापना के प्रस्ताव पर उन्होंने निर्माण संबंधी प्रस्ताव शीघ्र प्रस्तुत करने को कहा ताकि कार्यवाही आगे बढ़ाई जा सके। साथ ही पंचायत भवन आंगनबाड़ी केंद्र प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र एवं आयुर्वेदिक चिकित्सालय भवन निर्माण के प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश भी दिए। चौपाल में एंबुलेंस सुविधा की मांग पर जिलाधिकारी ने कहा कि धुमाकोट से एंबुलेंस पहुंचने में अधिक समय लगने के कारण भौंन क्षेत्र में एंबुलेंस तैनाती की आवश्यकता है। उन्होंने विभागीय एंबुलेंस तैनात करने के लिए उपयुक्त स्थान का चयन कर प्रस्ताव प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। जन चौपाल के बाद जिलाधिकारी ने प्रेरणा स्वयं सहायता समूह का निरीक्षण कर महिलाओं द्वारा संचालित आजीविका गतिविधियों की जानकारी ली। उन्होंने स्थानीय उत्पादों की बेहतर ब्रांडिंग विपणन और आयवृद्धि के लिए विभागीय सहयोग का आश्वासन दिया। इसके बाद उन्होंने पीपली गांव स्थित सेब नर्सरी का निरीक्षण कर बागवानी गतिविधियों का जायजा लिया तथा किसानों की आय बढ़ाने के लिए उद्यान एवं आजीविका आधारित योजनाओं को और प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर ग्राम प्रधान विमला देवी जिला विकास अधिकारी मनविंदर कौर जिला अर्थ एवं संख्या अधिकारी राम सलोने उपजिलाधिकारी श्रेष्ठ गुनसोला खंड विकास अधिकारी प्रमोद चंद्र पांडेय सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।