प्रदीप कुमार
टिहरी/श्रीनगर गढ़वाल। पुलिस प्रशिक्षण महाविद्यालय में नियुक्त उपनिरीक्षक मुकेश शर्मा को राष्ट्रीय खेल दिवस 29 अगस्त के अवसर पर द्रोणाचार्य पुरस्कार-2025 से सम्मानित किया जाएगा। कैनोइंग एवं कयाकिंग के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए उन्हें यह प्रतिष्ठित सम्मान प्रदान किया जा रहा है। यह उपलब्धि उत्तराखंड पुलिस के साथ ही पूरे प्रदेश के लिए गौरव का विषय है। जनपद टिहरी गढ़वाल के ग्राम टिपौउ खत अठगांव जौनसार-बावर निवासी मुकेश शर्मा लंबे समय से कयाकिंग एवं कैनोइंग के क्षेत्र में सक्रिय हैं। वे राष्ट्रीय स्तर के पदक विजेता खिलाड़ी हैं और छह बार भारतीय पुलिस गोल्ड मेडलिस्ट रह चुके हैं। वर्तमान में वे अंतरराष्ट्रीय कैनो महासंघ के साथ ओलंपिक तकनीकी अधिकारी के रूप में सेवाएं दे रहे हैं। इसके अलावा उत्तराखंड सरकार के जल क्रीड़ा क्षेत्र में मुख्य सलाहकार एवं नोडल अधिकारी के रूप में भी योगदान दे रहे हैं। मुकेश शर्मा वर्तमान में राष्ट्रीय कोच के रूप में देश के शीर्ष खिलाड़ियों को प्रशिक्षण एवं मार्गदर्शन प्रदान कर रहे हैं। इसके साथ ही भारतीय कयाकिंग एवं कैनोइंग संघ में एथलीटों के मुख्य चयनकर्ता के रूप में भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभा रहे हैं। खेल प्रतिभाओं को निखारने और उन्हें राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ाने में उनका निरंतर योगदान रहा है। खेल के क्षेत्र में उनके योगदान को अखिल भारतीय विश्वविद्यालयों द्वारा विकास के क्षेत्र में मानद उपाधि प्रदान कर सम्मानित किया जा चुका है। खेल प्रशासन नीति निर्माण जमीनी स्तर पर प्रशिक्षण और खेल प्रतिभाओं के विकास के क्षेत्र में भी उन्होंने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। द्रोणाचार्य पुरस्कार-2025 के लिए उपनिरीक्षक मुकेश शर्मा का चयन उनकी खेल उपलब्धियों और प्रशिक्षक के रूप में किए गए उल्लेखनीय योगदान को सम्मानित करने वाला है। राष्ट्रीय खेल दिवस पर मिलने वाला यह सम्मान उत्तराखंड पुलिस के साथ-साथ प्रदेश के युवा खिलाड़ियों के लिए भी प्रेरणादायी होगा। इससे प्रदेश के युवाओं को खेलों के क्षेत्र में आगे बढ़ने और निरंतर मेहनत करने की प्रेरणा मिलेगी।
