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प्रदीप कुमार
हरिद्वार/श्रीनगर गढ़वाल। हरिद्वार शहर को सुंदर और सुव्यवस्थित बनाने के साथ ही अतिक्रमण मुक्त करने के उद्देश्य से जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देशन में यातायात में बाधा उत्पन्न कर रहे अनुपयोगी विद्युत पोलों को हटाने की कार्रवाई लगातार जारी है। इसी क्रम में विद्युत विभाग की टीम ने भगत सिंह चौक से शंकराचार्य चौक तक सड़क किनारे लगे लगभग 15 अनुपयोगी विद्युत पोलों को हटा दिया है। इसके साथ ही इन पोलों पर विभिन्न कंपनियों और केबल ऑपरेटरों की ओर से लगाए गए केबल और तारों को हटाने की कार्रवाई भी की जा रही है। अधिशासी अभियंता विद्युत दीपक सैनी ने बताया कि जिलाधिकारी के निर्देशों के अनुपालन में शहर के ऐसे विद्युत पोलों को चिह्नित कर हटाया जा रहा है जो वर्तमान में अनुपयोगी हैं और यातायात व्यवस्था को प्रभावित कर रहे हैं। इस कार्रवाई का उद्देश्य सड़कों और सार्वजनिक स्थानों को बाधामुक्त बनाने के साथ ही शहर की यातायात व्यवस्था को अधिक सुगम और व्यवस्थित करना है। उन्होंने बताया कि शहर के कई स्थानों पर अनुपयोगी विद्युत पोलों पर निजी कंपनियों और केबल ऑपरेटरों की ओर से तार और केबल लगाए गए हैं। इनके कारण भी सड़क किनारे अव्यवस्था उत्पन्न होती है। ऐसे में विद्युत पोलों को हटाने के साथ ही उन पर लगे अनावश्यक तारों और केबलों को भी हटाया जा रहा है ताकि सड़कों के आसपास की व्यवस्था बेहतर हो सके। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देशन में विद्युत विभाग द्वारा यह कार्रवाई की जा रही है। संबंधित अधिकारियों को शहर में ऐसे स्थानों को चिह्नित करने के निर्देश दिए गए हैं जहां अनुपयोगी विद्युत पोलों के कारण लोगों को आवागमन में परेशानी होती है या यातायात बाधित होता है। चिह्नित स्थानों पर आवश्यकतानुसार कार्रवाई करते हुए अनुपयोगी पोलों को हटाया जा रहा है। जिला प्रशासन शहर की सड़कों और सार्वजनिक स्थलों को अतिक्रमण मुक्त बनाने के साथ ही नागरिकों को बेहतर यातायात सुविधा उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयास कर रहा है। अनुपयोगी विद्युत पोलों को हटाए जाने से सड़क किनारे अनावश्यक अवरोध कम होंगे और आमजन को आवागमन में सुविधा मिलेगी। इसके साथ ही शहर के प्रमुख मार्गों की सुंदरता और सुव्यवस्था बनाए रखने में भी मदद मिलेगी। जिला प्रशासन का प्रयास है कि शहर में यातायात व्यवस्था सुचारु बनाने के साथ ही सार्वजनिक स्थानों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित किया जाए। इसी उद्देश्य से संबंधित विभागों के समन्वय से आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।

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