प्रदीप कुमार
चमोली/श्रीनगर गढ़वाल। विधानसभा निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम को लेकर सोमवार को जिला निर्वाचन कार्यालय में अपर जिलाधिकारी एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी विवेक प्रकाश की अध्यक्षता में मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित कार्यक्रम दिशा-निर्देशों तथा पुनरीक्षण प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी गई। अपर जिलाधिकारी ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए शुद्ध पारदर्शी एवं त्रुटिरहित मतदाता सूची का होना अत्यंत आवश्यक है। इस महत्वपूर्ण कार्य में राजनीतिक दलों एवं उनके बूथ स्तरीय अभिकर्ताओं (बीएलए) की भूमिका महत्वपूर्ण है। उन्होंने बताया कि 8 जून से 7 जुलाई 2026 तक बीएलओ द्वारा घर-घर सत्यापन अभियान प्रारंभ हो गया है। इस अवधि में प्रत्येक परिवार तक पहुंच सुनिश्चित करने के लिए बीएलओ कम से कम तीन बार भ्रमण करेंगे। इसी दौरान मतदान केंद्रों के युक्तिकरण का कार्य भी संपन्न किया जाएगा। बैठक में यह भी बताया गया कि प्रारूप निर्वाचक नामावली का प्रकाशन 14 जुलाई 2026 को किया जाएगा। इसके बाद 14 जुलाई से 13 अगस्त 2026 तक दावे एवं आपत्तियां प्राप्त की जाएंगी जिन्हें ऑनलाइन एवं ऑफलाइन दोनों माध्यमों से दर्ज कराया जा सकेगा। प्राप्त दावों एवं आपत्तियों का निस्तारण 11 सितंबर तक किया जाएगा तथा अंतिम निर्वाचक नामावली का प्रकाशन 15 सितंबर 2026 को किया जाएगा। अपर जिलाधिकारी ने कहा कि इस अभियान का उद्देश्य प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल करना तथा मृत स्थानांतरित अपात्र एवं डुप्लीकेट प्रविष्टियों को हटाकर सूची को शुद्ध एवं अद्यतन बनाना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सत्यापन चरण में किसी भी प्रकार के दस्तावेज एकत्र नहीं किए जाएंगे तथा आधार कार्ड केवल पहचान प्रमाण के रूप में मान्य होगा नागरिकता प्रमाण के रूप में नहीं। आधार संख्या देना पूर्णतः वैकल्पिक रहेगा। उन्होंने राजनीतिक दलों से अपील की कि वे अपने बीएलए एवं कार्यकर्ताओं के माध्यम से मतदाताओं को जागरूक करें तथा बीएलओ को सहयोग प्रदान करें जिससे पुनरीक्षण कार्य पारदर्शिता एवं प्रभावी ढंग से पूरा हो सके। बैठक में संबंधित अधिकारी एवं विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
Spread the love
प्रदीप कुमार
चमोली/श्रीनगर गढ़वाल। विधानसभा निर्वाचक नामावलियों के विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम को लेकर सोमवार को जिला निर्वाचन कार्यालय में अपर जिलाधिकारी एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी विवेक प्रकाश की अध्यक्षता में मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित कार्यक्रम दिशा-निर्देशों तथा पुनरीक्षण प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी गई। अपर जिलाधिकारी ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए शुद्ध पारदर्शी एवं त्रुटिरहित मतदाता सूची का होना अत्यंत आवश्यक है। इस महत्वपूर्ण कार्य में राजनीतिक दलों एवं उनके बूथ स्तरीय अभिकर्ताओं (बीएलए) की भूमिका महत्वपूर्ण है। उन्होंने बताया कि 8 जून से 7 जुलाई 2026 तक बीएलओ द्वारा घर-घर सत्यापन अभियान प्रारंभ हो गया है। इस अवधि में प्रत्येक परिवार तक पहुंच सुनिश्चित करने के लिए बीएलओ कम से कम तीन बार भ्रमण करेंगे। इसी दौरान मतदान केंद्रों के युक्तिकरण का कार्य भी संपन्न किया जाएगा। बैठक में यह भी बताया गया कि प्रारूप निर्वाचक नामावली का प्रकाशन 14 जुलाई 2026 को किया जाएगा। इसके बाद 14 जुलाई से 13 अगस्त 2026 तक दावे एवं आपत्तियां प्राप्त की जाएंगी जिन्हें ऑनलाइन एवं ऑफलाइन दोनों माध्यमों से दर्ज कराया जा सकेगा। प्राप्त दावों एवं आपत्तियों का निस्तारण 11 सितंबर तक किया जाएगा तथा अंतिम निर्वाचक नामावली का प्रकाशन 15 सितंबर 2026 को किया जाएगा। अपर जिलाधिकारी ने कहा कि इस अभियान का उद्देश्य प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल करना तथा मृत स्थानांतरित अपात्र एवं डुप्लीकेट प्रविष्टियों को हटाकर सूची को शुद्ध एवं अद्यतन बनाना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सत्यापन चरण में किसी भी प्रकार के दस्तावेज एकत्र नहीं किए जाएंगे तथा आधार कार्ड केवल पहचान प्रमाण के रूप में मान्य होगा नागरिकता प्रमाण के रूप में नहीं। आधार संख्या देना पूर्णतः वैकल्पिक रहेगा। उन्होंने राजनीतिक दलों से अपील की कि वे अपने बीएलए एवं कार्यकर्ताओं के माध्यम से मतदाताओं को जागरूक करें तथा बीएलओ को सहयोग प्रदान करें जिससे पुनरीक्षण कार्य पारदर्शिता एवं प्रभावी ढंग से पूरा हो सके। बैठक में संबंधित अधिकारी एवं विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।