प्रदीप कुमार
हरिद्वार/श्रीनगर गढ़वाल। आगामी कांवड़ मेले के मद्देनजर जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने शनिवार को मां चंडी देवी मंदिर परिसर और मंदिर मार्ग का स्थलीय निरीक्षण कर सफाई सुरक्षा तथा श्रद्धालुओं के लिए की जा रही व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों और मंदिर समिति के पदाधिकारियों को निर्देश दिए कि मेले के दौरान बड़ी संख्या में आने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो तथा सभी व्यवस्थाएं समय से पहले पूरी कर ली जाएं। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने मंदिर परिसर पैदल मार्ग सीढ़ियों प्रवेश और निकास मार्ग सहित आसपास के क्षेत्रों में नियमित एवं प्रभावी सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पूरे कांवड़ मेले के दौरान स्वच्छता व्यवस्था लगातार बनी रहनी चाहिए तथा कूड़ा-करकट का समय-समय पर निस्तारण किया जाए ताकि श्रद्धालुओं को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण मिल सके। उन्होंने श्रद्धालुओं की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए मंदिर परिसर और मार्गों पर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था बैरिकेडिंग भीड़ प्रबंधन तथा आवश्यक पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही सभी सीसीटीवी कैमरों की कार्यशीलता की जांच कर उन्हें पूरी तरह दुरुस्त रखने तथा सुरक्षा से जुड़े सभी उपकरणों को सक्रिय अवस्था में रखने के निर्देश भी दिए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि मंदिर परिसर और मंदिर मार्ग पर किसी भी प्रकार का अवैध अतिक्रमण नहीं होने दिया जाएगा। यदि कहीं अतिक्रमण पाया जाता है तो संबंधित विभाग तत्काल उसे हटाकर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं के आवागमन में किसी भी प्रकार की बाधा स्वीकार नहीं की जाएगी। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने और किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कांवड़ मेले के दौरान श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्वच्छ और सुगम वातावरण उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
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प्रदीप कुमार
हरिद्वार/श्रीनगर गढ़वाल। आगामी कांवड़ मेले के मद्देनजर जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने शनिवार को मां चंडी देवी मंदिर परिसर और मंदिर मार्ग का स्थलीय निरीक्षण कर सफाई सुरक्षा तथा श्रद्धालुओं के लिए की जा रही व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों और मंदिर समिति के पदाधिकारियों को निर्देश दिए कि मेले के दौरान बड़ी संख्या में आने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो तथा सभी व्यवस्थाएं समय से पहले पूरी कर ली जाएं। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने मंदिर परिसर पैदल मार्ग सीढ़ियों प्रवेश और निकास मार्ग सहित आसपास के क्षेत्रों में नियमित एवं प्रभावी सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पूरे कांवड़ मेले के दौरान स्वच्छता व्यवस्था लगातार बनी रहनी चाहिए तथा कूड़ा-करकट का समय-समय पर निस्तारण किया जाए ताकि श्रद्धालुओं को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण मिल सके। उन्होंने श्रद्धालुओं की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए मंदिर परिसर और मार्गों पर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था बैरिकेडिंग भीड़ प्रबंधन तथा आवश्यक पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही सभी सीसीटीवी कैमरों की कार्यशीलता की जांच कर उन्हें पूरी तरह दुरुस्त रखने तथा सुरक्षा से जुड़े सभी उपकरणों को सक्रिय अवस्था में रखने के निर्देश भी दिए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि मंदिर परिसर और मंदिर मार्ग पर किसी भी प्रकार का अवैध अतिक्रमण नहीं होने दिया जाएगा। यदि कहीं अतिक्रमण पाया जाता है तो संबंधित विभाग तत्काल उसे हटाकर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं के आवागमन में किसी भी प्रकार की बाधा स्वीकार नहीं की जाएगी। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने और किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कांवड़ मेले के दौरान श्रद्धालुओं को सुरक्षित स्वच्छ और सुगम वातावरण उपलब्ध कराना जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।