प्रदीप कुमार
हरिद्वार/श्रीनगर गढ़वाल। धर्मनगरी हरिद्वार में कांवड़ यात्रा के दौरान मंगलवार को आस्था सेवा और संस्कृति का अद्भुत संगम देखने को मिला। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में देवभूमि उत्तराखंड ने देश के विभिन्न राज्यों से आए शिवभक्त कांवड़ियों का भव्य स्वागत और अभिनंदन किया। राज्य सरकार की ओर से आयोजित विशेष कार्यक्रम में श्रद्धालुओं के सम्मान के साथ कांवड़ यात्रा के सुरक्षित सुव्यवस्थित और सफल संचालन का संदेश भी दिया गया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के हरिद्वार आगमन पर हरकी पैड़ी से लेकर कांवड़ यात्रा मार्ग तक हेलीकॉप्टर से शिवभक्तों पर पुष्पवर्षा की गई। इसके बाद अलकनंदा होटल परिसर में आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री ने पांच शिवभक्त कांवड़ियों का चरण प्रक्षालन कर उनका सम्मान किया और देवभूमि की परंपरा के अनुरूप उनका आत्मीय स्वागत किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कांवड़ यात्रियों की स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए स्थापित मुख्यमंत्री स्वास्थ्य सेवा शिविर का शुभारंभ किया। उन्होंने शिविर में उपलब्ध चिकित्सा व्यवस्थाओं का निरीक्षण करते हुए चिकित्सकों से जानकारी ली और श्रद्धालुओं को त्वरित उपचार आवश्यक दवाइयों तथा अन्य स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने विभिन्न राज्यों से आए शिवभक्तों के बीच पहुंचकर अपने हाथों से भोजन परोसा और उनका कुशलक्षेम जाना। श्रद्धालुओं ने भी मुख्यमंत्री के इस आत्मीय व्यवहार की सराहना करते हुए उत्तराखंड सरकार की व्यवस्थाओं की प्रशंसा की। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड सरकार का संकल्प है कि देवभूमि आने वाले प्रत्येक शिवभक्त को सुरक्षित सुगम और सम्मानजनक वातावरण उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने कहा कि कांवड़ यात्रा केवल धार्मिक आयोजन नहीं बल्कि भारत की सनातन परंपरा सामाजिक समरसता और आध्यात्मिक चेतना का विराट पर्व है जिसके सफल संचालन के लिए राज्य सरकार सभी विभागों के समन्वय से लगातार कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले पांच वर्षों से उन्हें कांवड़ यात्रा के दौरान शिवभक्तों के बीच पहुंचकर सेवा करने का अवसर मिल रहा है। भगवान शिव करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था और विश्वास के केंद्र हैं। कठिन परिस्थितियों में भी श्रद्धालु सैकड़ों किलोमीटर की यात्रा पूरी कर “बम-बम भोले” के जयघोष के साथ अपनी आस्था व्यक्त करते हैं। उन्होंने कहा कि कांवड़ यात्रा अनुशासन समर्पण सेवा और सामाजिक एकता का भी प्रतीक है। उन्होंने बताया कि इस वर्ष अब तक एक करोड़ से अधिक शिवभक्त गंगाजल लेकर अपने-अपने गंतव्य की ओर प्रस्थान कर चुके हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश की सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत के संरक्षण एवं विकास के लिए व्यापक कार्य किए जा रहे हैं। काशी विश्वनाथ धाम महाकाल लोक श्रीराम जन्मभूमि केदारनाथ धाम पुनर्निर्माण और बद्रीनाथ मास्टर प्लान जैसी परियोजनाएं भारतीय संस्कृति को वैश्विक स्तर पर नई पहचान दिला रही हैं। मुख्यमंत्री ने वर्ष 2013 की केदारनाथ आपदा का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में केदारनाथ धाम का पुनर्निर्माण कर उसे भव्य और दिव्य स्वरूप प्रदान किया गया है। आस्था पथ सरस्वती घाट आदि शंकराचार्य की प्रतिमा और तीर्थ पुरोहित आवास सहित अनेक सुविधाओं का विकास किया गया है। उन्होंने कहा कि हरिद्वार में प्रस्तावित गंगा कॉरिडोर और शारदा कॉरिडोर जैसी योजनाएं राज्य के विकास और धार्मिक पर्यटन को नई दिशा देंगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके लिए यात्रा मार्गों पर सीसीटीवी कैमरे ड्रोन निगरानी एंबुलेंस सेवाएं स्वास्थ्य शिविर तथा आपातकालीन सहायता व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं। उन्होंने शिवभक्तों से यात्रा के दौरान अनुशासन मर्यादा और धार्मिक परंपराओं का पालन करने की अपील भी की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कांवड़ यात्रा के सफल संचालन में उल्लेखनीय योगदान देने वाले पांच पुलिसकर्मियों तथा पांच पर्यावरण मित्रों को सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि यह सम्मान उन सभी कर्मयोगियों के प्रति राज्य की कृतज्ञता का प्रतीक है जो सुरक्षा स्वच्छता स्वास्थ्य सेवाओं और अन्य व्यवस्थाओं को सुचारु बनाए रखने के लिए दिन-रात सेवा में जुटे हुए हैं। मुख्यमंत्री ने पुलिस प्रशासन स्वास्थ्य विभाग पर्यावरण मित्रों स्वच्छता कर्मियों स्वयंसेवी संस्थाओं तथा विभिन्न सेवा कार्यों में लगे सभी कर्मयोगियों के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि सभी के सामूहिक प्रयासों से ही कांवड़ यात्रा का सफल और सुरक्षित संचालन संभव हो पा रहा है। कार्यक्रम में महामंडलेश्वर ललितानंद गिरी महाराज कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक प्रदीप बत्रा राम सिंह कैड़ा जिला पंचायत अध्यक्ष किरण चौधरी विधायक आदेश चौहान हरिद्वार की मेयर किरण जैसल रुड़की की मेयर अनिता अग्रवाल पूर्व कैबिनेट मंत्री स्वामी यतीश्वरानंद भाजपा जिलाध्यक्ष आशुतोष शर्मा पूर्व विधायक संजय गुप्ता राज्य मंत्री देशराज कर्णवाल दिनेश कौशिक डॉ.जयपाल सिंह चौहान श्यामवीर सैनी शोभाराम प्रजापति नितिन गौतम शिवालिक नगर पालिका अध्यक्ष राजीव शर्मा गंगा सभा के महामंत्री तन्मय वशिष्ठ भाजपा युवा मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष विक्रम भुल्लर पूर्व मेयर मनोज गर्ग गढ़वाल आयुक्त आनंद स्वरूप मेलाधिकारी सोनिका आईजी गढ़वाल राजीव स्वरूप आईजी (कुंभ मेला) योगेन्द्र सिंह रावत जिलाधिकारी मयूर दीक्षित वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर एसएसपी (कुंभ मेला) आयुष अग्रवाल नगर आयुक्त नंदन कुमार मुख्य विकास अधिकारी डॉ.ललित नारायण मिश्र पुलिस अधीक्षक (यातायात) निशा यादव अपर जिलाधिकारी जितेंद्र कुमार पुलिस अधीक्षक नगर अभय प्रताप सिंह सचिव एचआरडीए प्रत्यूष सिंह उपजिलाधिकारी योगेश मेहरा उप मेलाधिकारी मनजीत सिंह सहित अनेक जनप्रतिनिधि संत-महात्मा गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में शिवभक्त कांवड़िए मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन अपर मेलाधिकारी दयानंद सरस्वती ने किया।
